आजादी के बाद भी सड़कें  बनी सपनों की कहानी, खोखले वादों की बयां करती तस्वीर, चंदा इकट्ठा करके उठाया कदम | New India Times

मो. मुजम्मिल, जुन्नारदेव/छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:

आजादी के बाद भी सड़कें  बनी सपनों की कहानी, खोखले वादों की बयां करती तस्वीर, चंदा इकट्ठा करके उठाया कदम | New India Times

जुन्नारदेव विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत आलमोद के ग्राम कुल्हड़पानी में आजादी के कई साल गुजर जाने के बाद भी सड़के सपना बनी हुई है। ग्रामीणों ने मामले पर जानकारी देते हुए बताया कि दो-तीन बार कलेक्टर और सांसद कार्यालय पहुंचकर आवेदन निवेदन किया जा चुका है सड़क की विकराल समस्या से अवगत कराया जा चुका है क्षेत्र में रहने वाले ग्रामीणों द्वारा एक ₹1000 चंदा इकट्ठा करके सड़क टेंपरेरी व्यवस्था की गई है।

बताया जा रहा है कि इस क्षेत्र में जनसंख्या लगभग 370 है और मकान 50 से 55 बने हुए हैं। आजादी इतने साल भी जाने के बाद भी सड़क लोगों के लिए सपना बनी हुई है और सपना दिखाने वाले जनप्रतिनिधियों के खोखले वादें  जमीन पर हवा हवाई देख रही है आखिर ग्रामीणों को भारी समस्याओं का सामना सड़क को लेकर करना पड़ रहा है जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है। ग्रामीणों ने बताया कि ऐसी कई मूलभूत सुविधा जैसे बिजली पानी स्कूल नहीं होने से किन परेशानियों से जूझना पड़ता है अंदाजा लगाया जा सकता है। ग्रामीण अंचलों में कितना विकास आज भी  कोसों दूर है जिसे देखा जा सकता है।