अशफाक कायमखानी, ब्यूरो चीफ, जयपुर (राजस्थान), NIT:

राजस्थान कांग्रेस सरकार के मंत्रिमंडल व विभाग बंटवारे एवं बोर्ड-निगम में मुस्लिम समुदाय को उचित प्रतिनिधित्व नहीं मिलने के लगातार आरोपों से घिरी गहलोत सरकार के बाद प्रदेश में मनमर्जी से अपने लोगों को प्रदेश कांग्रेस कमेटी सदस्य बनाये जाने मे भी समुदाय को कोई खास तवज्जो नहीं मिल पाने से समुदाय में निराशा व उदासीनता का भाव पनप रहा है। कांग्रेस के इस तरह के फैसलों से एआईएमआईएम जैसे दल की जड़ें राज्य भर में फैलने में खाद व पानी का मिलना माना जा रहा है।
राजस्थान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद डोटासरा का गृह जिला सीकर के कुल सोलह ब्लॉक से बनाये गये पीसीसी सदस्यों में एक भी मुस्लिम का नाम नहीं है जबकि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का गृह जिला जोधपुर से कुल बारह ब्लॉक से बनाये गये सदस्यों में एक मुस्लिम का नाम शामिल है।
हालांकि प्रदेश के सभी पीसीसी सदस्यों की सूची को एक साथ सार्वजनिक नहीं करके कल जयपुर में सदस्यों की आयोजित बैठक में टेलिफोनिक सूचना देकर सदस्यों को आमंत्रित करके प्रभारी महामंत्री अजय माकन की उपस्थिति में हमेशा की तरह बैठक करके एक लाइन का प्रस्ताव पास किया गया जिसमें सभी निर्णय करने के अधिकार सोनिया गांधी को दिये गये।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविंद डोटासरा के गृह जिला सीकर के कुल सोलह ब्लॉक से बने पीसीसी सदस्यों में स्वयं गोविंद डोटासरा के अलावा विधायक राजेन्द्र पारीक, विधायक परशराम मोरदिया, विधायक वीरेन्द्र सिंह व विधायक दीपेन्द्र सिंह एवं पूर्व केन्द्रीय मंत्री सुभाष महरिया के अतिरिक्त विधायक पूत्र गिरिराज, बालेंदु शेखावत, सुमित मोदी भी हैं। इनके अलावा दिनेश कस्वा, पूर्ण कंवर, कांताप्रसाद शर्मा, आरसी चौधरी, महावीर मेव, सावंरमल व हेमसिंह शेखावत भी हैं। मुख्यमंत्री गहलोत का गृह जिला जोधपुर के कुल बारह ब्लॉक से बनाये गये बारह पीसीसी सदस्यों में एक अजीज दर्द नामक मुस्लिम है। इनके अलावा राजेन्द्र सिंह, कैलाश गुलैछा, महावीर सिंह, अभिषेक चौधरी, दिलीप चौधरी, रंजू रामावत, शोभा सोलंकी, खेतसिंह, भूराराम, बद्री जाखड़ व जुगल प्रजापति का नाम शामिल है।
कुल मिलाकर यह है कि कांग्रेस पार्टी द्वारा सरकार व संगठन स्तर पर प्रतिनिधित्व को लेकर मुस्लिम समुदाय के साथ लगातार इंसाफ नहीं करने के कारण समुदाय उदासीन व मायूस होकर विकल्प की तलाश करने लगता है। इसी सप्ताह एआईएमआईएम चीफ सांसद असदुद्दीन ओवैसी के प्रदेश दौरे में खासतौर पर मुस्लिम समुदाय के लोगों का उमड़ा जनसैलाब देखकर कांग्रेस नेताओं की आंखें खूली रह गईं जो ओवैसी कांग्रेस के लिये खतरे की घंटी बजाकर अगले महीने फिर राजस्थान दौरा करने की कहकर चले गये।
