अंकित तिवारी, ब्यूरो चीफ, प्रयागराज (यूपी), NIT:

पेपर लीक, भ्रष्टाचार और भर्ती प्रक्रियाओं में धांधली के खिलाफ प्रयागराज में प्रतियोगी छात्रों का आक्रोश सड़कों पर नजर आया। हजारों की संख्या में युवाओं ने कैंडल मार्च निकालकर विरोध दर्ज कराया। यह मार्च कटरा से चंद्रशेखर आजाद पार्क तक निकाला गया, जहां पहुंचकर छात्रों ने अपनी मांगों को जोरदार तरीके से उठाया।
छात्रों की प्रमुख मांगों में लेखपाल भर्ती परीक्षा को पेपर लीक के कारण तत्काल रद्द कर पुनः परीक्षा कराए जाने और यूपीएसआई परीक्षा का अंक पत्र जारी करने की मांग शामिल रही। प्रदर्शनकारियों ने भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की भी मांग की।
इस आंदोलन को ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) का समर्थन मिला। आइसा के प्रदेश अध्यक्ष मनीष कुमार ने कहा कि प्रदेश में लेखपाल, नीट और नेट-जेआरएफ जैसी महत्वपूर्ण परीक्षाओं में लगातार गड़बड़ियां सामने आ रही हैं, जिससे युवाओं का भविष्य दांव पर लग गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार न तो जिम्मेदारी तय कर रही है और न ही दोषी अधिकारियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई कर रही है।
उन्होंने कहा कि निजी कंपनियों को ठेका देकर परीक्षाएं कराने की व्यवस्था के कारण पेपर लीक की घटनाएं बढ़ी हैं, जिन पर रोक लगाने में सरकार विफल रही है। आइसा ने प्रतियोगी छात्रों के आंदोलन को जायज बताते हुए सरकार से पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की।
प्रदर्शन में शामिल प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक ने युवाओं की एकजुटता को इस आंदोलन की ताकत बताया। वहीं आइसा कार्यकर्ता आर्यन ने कहा कि छात्र संगठित होकर भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।

