फराज अंसारी, बहराइच ( यूपी ), NIT;
उत्तर प्रदेश में योगी सरकार बनने और उनके मंत्रियों के द्वारा जनहित में रूचि दिखाने से प्रदेश वासियों को बेहतर सुविधा मिलने की उम्मीद जगी थी लेकिन शासन पर प्रशासन की मनमानी व लापरवाही के रवैये ने योगी सरकार के मंसूबों पर पानी फेरना शुरू कर दिया है। मंत्री बनने के बाद एक सप्ताह पहले राज्य मंत्री अनुपमा जयसवाल ने जिला अस्पताल बहराइच का औचक निरीक्षण किया था। मंन्त्री द्वारा निरीक्षण करने पर अस्पताल में बहुत सी कमियां मिली थीं। इन कमियों में मुख्य साफ़ सफाई की कमी मिली थी जिस पर मंत्री महोदया ने सीएमएस को फटकार लगाते हुए स्वास्थ्य सेवाएं जल्द से जल्द सुधारने का सख्त निर्देश दिया था। मंत्री के निर्देशों के बाद भी जिला अस्पताल के स्वास्थ्य कर्मी अपने पुराने अंदाज से निकल नहीं पा रहे हैं और आज भी स्थिति जस की तस बनी हुई है।
जिला अस्पताल के चिल्ड्रेन वार्ड के हाल यह है कि इतनी गर्मी होने के बावजूद अभी तक इक्जाश फैन और छत में पंखा नहीं लगाया गया है। तपती धूप में गर्मी से बिलबिलाते नौनिहाल और तीमारदार का बुरा हाल है। मरीजों को परिजनों द्वारा हाथ के पंखे से हवा पहुंचि कर राहत देने की कोशिश रहे हैं। अचानक गर्मी बहुत तेज़ होने से तपते वार्ड में उमस से मरीजों और देखभाल करने वालों का हाल बेहाल है।
अस्पताल के उच्च अधिकारियों की नजर मरीजों पर नहीं जाती है जबकि स्वास्थ्य कर्मियों के लिए पंखे की बेहतर व्यवस्था की गयी है।
- मरीजों के लिए अभी पंखा तक नहीं लगाया गया है जिस कारण मरीज व परिजन बिलख रहे हैं।
बहराइच जिले मेंझाड़ू लगाकर फोटो छपवाने में सबसे ज्यादा तेज़ी दिखी है वह भी केवल योगी सरकार को खुश करने के लिए। जब अस्पताल में आज भी स्थिति जस की तस बनी हुई है। योगी सरकार के मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने के मंसूबों पर यहां का अस्पताल प्रशासन पानी फेरने पर लगा हुआ है। अब देखना यह है कि राज्य सरकार, स्वास्थय विभाग और स्थानीय मंत्रीगण मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं कब उपलब्ध करवाते हैं और लापरवाह जिला अस्पताल प्रशासन पर क्या कार्रवाई करते हैं?
