स्कूल बंदी नहीं सहेंगे: इमरान लतीफ ने महतनिया से सरकार को दी चेतावनी | New India Times

अबरार अली, ब्यूरो चीफ, सिद्धार्थ नगर (यूपी), NIT:

स्कूल बंदी नहीं सहेंगे: इमरान लतीफ ने महतनिया से सरकार को दी चेतावनी | New India Times

आम आदमी पार्टी के प्रांतीय अध्यक्ष  इंजीनियर इमरान लतीफ ने आज डुमरियागंज विधानसभा क्षेत्र के महतनिया गांव का दौरा कर उस प्राथमिक विद्यालय की स्थिति का जायज़ा लिया, जिसे प्रदेश सरकार द्वारा युग्मन नीति के तहत बंद करके दूसरे गाँव में स्थानांतरित करने की योजना है। इंजीनियर इमरान लतीफ ने कहा कि विद्यालय परिसर में ग्रामीणों की आंखों में आंसू थे, अभिभावक चिंतित थे और छोटे-छोटे बच्चे अपनी किताबें थामे ये समझने की कोशिश कर रहे थे कि उनकी कक्षा अब कहाँ लगेगी।

स्कूल बंदी नहीं सहेंगे: इमरान लतीफ ने महतनिया से सरकार को दी चेतावनी | New India Times

इमरान लतीफ ने सरकार के इस फैसले को असंवेदनशील, अमानवीय और गरीब विरोधी करार देते हुए कहा कि गांव के बच्चों की मुस्कान छीनना, सिर्फ एक स्कूल नहीं बंद करना है यह उनके सपनों के दरवाज़े बंद करना है।” सरकार के इस कदम पर सवालिया निशान लगाते हुए इमरान ने कहा कि यह स्कूल महतनिया गांव के लिए सिर्फ एक शैक्षणिक संस्थान नहीं, बल्कि आशा और उम्मीद की किरण है। जिस गांव में परिवहन की सुविधा न के बराबर हो, वहाँ 2-3 किलोमीटर दूर दूसरे स्कूल भेजना क्या बच्चों की सुरक्षा और उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ नहीं है?

इमरान ने कहा कि सरकार युग्मन के नाम पर शिक्षा के अधिकार कानून (RTE Act) की खुलेआम अवहेलना कर रही है। यह नीति ग्रामीण गरीबों को शिक्षा से दूर करने का षड्यंत्र है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या सरकार मानती है कि सिर्फ शहरों के बच्चों को ही पढ़ने का हक है? क्या गांव के बच्चे दोयम दर्जे के नागरिक हैं?”

गांव के बुज़ुर्गों और माताओं ने लतीफ से स्कूल बचाने की गुहार लगाई। एक माता ने आंसू भरी आंखों से कहा, “साहब, मेरे बेटे को पहली बार किताबें मिली थीं, अब स्कूल ही छिन गया। क्या ये न्याय है?” इस मौके पर इमरान लतीफ ने यह भी कहा कि सरकारें आती-जाती रहती हैं, लेकिन बच्चों का बचपन लौटकर नहीं आता। हम इस स्कूल को बंद नहीं होने देंगे। चाहे हमें जिस हद तक संघर्ष करना पड़े, हम पीछे नहीं हटेंगे।

मांगें:

1. महतिनिया प्राथमिक विद्यालय को यथावत चालू रखा जाए।

2. युग्मन नीति की समीक्षा कर ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूल बंद करने की प्रक्रिया पर रोक लगे।

3. शिक्षा के अधिकार को सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की राय ली जाए।

इंजीनियर इमरान लतीफ ने यह चेतावनी दी कि यदि सरकार ने अपनी नीति में बदलाव नहीं किया तो एक जोरदार जनांदोलन खड़ा किया जाएगा और जनता की आवाज़ को हर फोरम तक पहुंचाया जाएगा। इस दौरान आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष जलाल अहमद  चौधरी, सद्दाम सिद्दीकी, रामकरण गौड़, सुभाष मिश्रा, बादशाह प्रधान, गणेश जी यादव आदि उपस्थित रहे।

By nit

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.