नाथूराम गोडसे की मूर्ती बना कर पूजा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर कांग्रेसियों ने किया कैंडल मार्च | New India Times

अबरार अहमद खान, भोपाल, NIT; ​नाथूराम गोडसे की मूर्ती बना कर पूजा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर कांग्रेसियों ने किया कैंडल मार्च | New India Timesमध्यप्रदेश कांग्रेस के पूर्व प्रवक्ता आसिफ मसूद के नेतृत्व में आज मध्य कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के द्वारा ग्वालियर में राष्ट्रपति महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे का मंदिर बना कर पूजा करने के विरोध में बोर्ड ऑफिस चौराह से डी. बी.मॉल तक कैंडल मार्च निकालकर पुलिस महानिदेशक को 3 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में कांग्रेसी कार्यकर्ता उपस्थित थे, जिनके हाथों में स्लोगन लिखी तख्ती थी “बापू हम शर्मिंदा हैं गोडसे के चाहने वाले जिंदा है, बापू के कातिल नाथूराम गोडसे का मंदिर बनाने वाले को गिरफ्तार करो नाथूराम गोडसे की मूर्ति रखने वाले पर राष्ट्रद्रोह का मुकदमा दर्ज करो ऐसे ही आधी स्लोगन लिखे हुए थे।​नाथूराम गोडसे की मूर्ती बना कर पूजा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर कांग्रेसियों ने किया कैंडल मार्च | New India Timesइस अवसर पर आरिफ मसूद ने कहा कि नाथूराम गोडसे भारत का पहला आतंकवादी था जिसने 30 जनवरी 1948 को राष्ट्रपति महात्मा गांधी की हत्या की थी। अखिल भारतीय हिंदू महासभा द्वारा हत्यारे नाथूराम गोडसे का मंदिर मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले में बनाकर इस आतंकवादी को सम्मानित किया जा रहा है, इससे 125 करोड़ भारतीयों की भावनाएं आहत हुई हैं। गांधीजी के हत्यारे नाथूराम गोडसे की मूर्ति को स्थापित करने वालों के विरुद्ध राष्ट्रद्रोह का मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार किया जाए और नाथूराम गोडसे की मूर्ति को जप्त किया जाए।​नाथूराम गोडसे की मूर्ती बना कर पूजा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर कांग्रेसियों ने किया कैंडल मार्च | New India Timesआगे आसिफ मसूद ने कहा कि जबसे केंद्र में मोदी जी और मध्य प्रदेश में शिवराज सिंह चौहान की सरकार आई है तब से ही ऐसे संगठनों को प्रोत्साहित कर संरक्षण दिया जा रहा है। इससे ज्यादा शर्म की बात नहीं हो सकती कि बापू ने देश को अंग्रेजों से आजाद कराने में अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया और अपने प्राण न्यौछावर कर दिए। एक सोची समझी साजिश के तहत मध्य प्रदेश में अखिल भारतीय हिंदू महासभा द्वारा यह मुहिम चलाई जा रही है और गोडसे को गांधी जी से बड़ा बताने की कोशिश की जा रही है जो देश के लिए बहुत ही घातक है और पूरे घटना क्रम में राज्य सरकार की भूमिका संदिग्ध है। 17 नवंबर को ग्वालियर में हिंदू महासभा द्वारा महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे की प्रतिमा स्थापित होने के बाद मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान का मौन रहना भी संदेह के घेरे में है। ऐसी फासीवाद अखिल भारतीय हिंदू महासभा जैसे संगठनों को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान जी का आशीर्वाद निरंतर मिल रहा है जिससे इस प्रकार की शक्तियां पनप रही है।

कैंडल मार्च में मुख्य रुप से यूथ कांग्रेस अध्यक्ष राशिद नूर खान , फैसल नईम चौधरी , वाहिद अली , नादिर खान , बंटी राय , राजीव शर्मा , पार्षद शावर मंसूरी , रईसा मलिक , मेवा लाल कनर्जी , जाहिद मंसूरी , विजय मिश्रा , रोहित यादव अकरम , अभिषेक , आकाश ठाकुर .मोहम्मद नफीस आदि लोग मौजूद रहे।

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