अबरार अहमद खान, भोपाल (मप्र), NIT:

जमीअत उलमा मध्यप्रदेश के अध्यक्ष हाजी मोहम्मद हारून साहब ने टी एम कान्वेंट स्कूल के संस्थापक मिर्ज़ा शब्बीर बैग साहब के इंतेक़ाल पर गहरे अफसोस का इज़हार करते हुए कहा कि अल्लाह मरहूम की मग़फ़िरत और उनके अहले खाना को सब्र आता फ़रमाए। हाजी हारून ने कहा कि तालीम के मैदान और कौमी खिदमात के मैदान में की गई बेग साहब मरहूम की खिदमत को भुलाया नहीं जा सकता है और आज के दौर में इस नुकसान की भरपाई भी मुमकिन नहीं है। बेग साहब से मेरा गहरा ताल्लुक रहा है। बेग साहब ने शिक्षा के मैदान में जो खिदमात किए हैं वह भोपाल शहर के लिए एक मिसाल है। तालीमी एतबार से अहले शहर भोपाल ने उनकी खिदमत को हमेशा सहारा है जिसको नज़र अंदाज़ नही किया जा सकता हाज़रो नो नेहलो ने उनके इस खिदमत से अपनी ज़िंदगी में बुलन्द मक़ाम हासिल किया है। उनकी खिदमात को चंद अलफ़ाज़ में बयान नही किया जा सकता मरहूम बैग साहब का इंतेक़ाल अहले शहर भोपाल का एक बड़ा नुकसान है जिसकी भरपाई मुमकिन नहीं है।
