वी.के.त्रिवेदी लखीमपुर खीरी (यूपी), NIT:

महिला सशक्तिकरण को लेकर किए जा रहे तमाम प्रयास उस वक्त धराशाही हो गए, जब सदर कोतवाल ने अपने फूफा की जमानत लेने आई एक महिला की जमकर बेज्जती की, सिर्फ इतना ही नहीं तानाशाही कोतवाल ने महिला का घर बिकवा देने की धमकी तक दे डाली। ऐइस चित्र में कोतवाल साहब जमानत के नाम पर एक महिला की जमकर लताड़ लगाते दिखायी दे रहे हैं। इतना ही नहीं वह उक्त महिला जमानतदार के घर तक को बेंच डालने की धमकी देने से भी नहीं चूक रहे हैं।
भले ही शहर में क्राइम न रुक रहा हो आये दिन कोई न कोई घटना घटती रहती हो। क्राइम का आलम तो यह है कि दिनदहाड़े चोर पुलिस को खुलेआम चुनौती देते हुए घर का ताला तोड़कर लाखों की चोरी की घटना को अंजाम देने के बाद गायब हो जाते हैं। लेकिन कोतवाल साहब कोतवाली की कुर्सी पर बैठने के बाद लोगों के साथ तानाशाह रवैया अख्तियार करने से भी नहीं चूकते हैं। फिर चाहे वह कोई महिला जमानतदार ही क्यों न हो। इसी बात की एक बानगी उस समय देखने को मिली जब किसी मामले में कोतवाली पुलिस एक युवक को उठा लाई थी। जिसके बाद उक्त युवक की जमानत के लिए दो महिलाएं कोतवाली आ पहुंची जहां पर सदर कोतवाल अशोक पाण्डेय ने महिला के साथ न केवल दुव्र्यवहार किया बल्कि जमानत के नाम पर मकान तक कुर्क करने की धमकी दे डाली। कोतवाल साहब के बोल पर ध्यान दें तो ‘वह चित्र में साफ कहते दिखायी दे रहे हैं कि किसकी जमानत कराने आयी हो, फूफा साला डकैती लूट करेगा आैर तुम लोग जमानत कराने चली आती हो, तानाशाह रवैये में बोलते हुए कोतवाल अशोक कुमार पाण्डेय ने कहा कि ‘क्यों ले रही हो जमानत, कौन हैं तुम्हारे, डकैती लूट करेगा आैर तुम जमानत कराओगी। तुम्हारा मकान बिकवा देंगे जमानत में, एक लाख रुपये हफ्ते में जमानत दूंगा।
