अविनाश द्विवेदी, उमरिया (मप्र), NIT;
जिले के सीमावर्ती सुदूर अंचल, जंगल पहाडों के मध्य बसे कल्दा ग्राम पंचायत में सूचना सह लोक कल्याण शिविर सम्पन्न हुआ, जिसमें 85 आवेदनों में से 45 का मौके पर निराकरण कर हितग्राहियों को तोहफे के रूप में दिया गया। शिविर में कलेक्टर सहित समस्त जिला अधिकारी, विधायक शिवनारायण सिंह, जनपद अध्यक्ष कुसुम सिंह, जिला पंचायत सदस्य अर्जुन सिंह सैय्याम, मण्डी अध्यक्ष कमल सिंह, सहित विभिन्न ग्रामों ग्रामीण प्रतिनिधि एवं बडी संख्या में ग्रामीण जन उपस्थित रहे। लोक कल्याण शिविर में कलेक्टर ने इस बात का आव्हान किया कि जो भी समस्याएं हों ग्रामीण उसे खुलकर बिना संकोच, डर एवं भय के बताएं, उनका निराकरण शत प्रतिशत कराया जाएगा। प्रशासन के समक्ष मुंह नही खोलने वाले लोग अपनी समस्या बेबाकी से कलेक्टर एवं जनप्रतिनिधियों के समक्ष रखी और उन्हीं भावनाओं के साथ उनका निराकरण करते हुए लाभान्वित हितग्राहियों के नामों का खुलासा किया गया जिससे ग्रामीणों में खुशी का ठिकाना नही रहा।
शिविर में 85 विभिन्न समस्याओं से संबंधित आवेदन प्राप्त हुए जिनमें 45 का मौके पर निराकरण किया गया शेष के लिए एक सप्ताह की समय सीमा निर्धारित की गई। इस दौरान सर्वाधिक शिकायतें 41 राजस्व विभाग की, 24 ग्रामीण विकास विभाग की, 6 लोक स्वास्थ्य यांत्रिकीय, 5 खाद्य विभाग की, 3 विद्युत विभाग की, 2 प्रधानमंत्री ग्रामीण सडक की शिकायते शामिल है।
लाभ प्राप्त कर हितग्राहियों के खिले चेहरे
लोक कल्याण सह सूचना शिविर में 10 वृद्धावस्था पेंशन स्वीकृत किए गए जिनमें नंद लाल सिंह, चरकू यादव, मोती नायक, मंती बाई, जानकी अगरियां, नंदू बैगा, अनुसुइया बाई, चरवतिया बाई, रामकली, शिव प्रसाद बैगा, ग्रामीण विकास के अंतर्गत 21 कपिल धारा एवं 5 निर्मल नीर, स्वीकृत किए गए है जिसमें मन्नी नायक, महेश कुमार, सरमन सिंह, गिरवर सिंह, पंचू सिंह, सुंदर सिंह, प्रताप सिंह, रामू सिंह, बृजभानसिंह, प्रताप, नरवद सिंह, सुंदर सिंह, धरमपाल सिंह, गुलजार सिंह, जय सिंह सहित आदि हितग्राही के आवेदन पर मौके पर उपस्थित अधिकारियों से प्रकरणों को तैयार कराकर कपिलधारा एवं निर्मल नीर के प्रकरण स्वीकृत किए गए इसके अलावा कपिलधारा के पूर्व में स्वीकृत प्रकरण जिनके निर्माण कार्य प्रारंभ नही किए गए थे को मिलाकर कुल 39 कपिलधारा कूपों का निर्माण कार्य तीन दिवस के अंदर प्रारंभ कराने के निर्देश सचिव, रोजगार सहायक एवं उपयंत्री को दिए गए। इन निर्माण कार्यो के प्रारंभ होने से हर हाथ को काम गांव में ही मिलेगा और उन्हें मजदूरी के लिए अन्यत्र कही नही भटकना पड़ेगा।
कलेक्टर श्री माल सिंह ने कहा कि खुद के कार्य में स्वयं मजदूरी कर बेहतर कूप निर्माण करें ताकि अगले वर्ष सिंचाई के पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सके और किसानों की उत्पादकता में वृद्धि लाई जा सके।
लोक कल्याण शिविर में कल्दा, किषनपुरा, अमुवारी, मझौली, बंधवाटोला, टकटई, बिछिया, मछेहा, पडेरा, महोबादादर, कलोरी के ग्रामीणों ने शिविर मे उपस्थित होकर अपनी समस्याओ से संबंधित बेबाक बाते कलेक्टर एवं विधायक के समक्ष किया वहीं शासन से प्राप्त होने वाली सुविधाओं के प्रति संतोष जताया। कुछ मजदूरों ने वर्ष 2015- 16 में किए गए कार्यो की मजदूरी का भुगतान नही होने की बात कही जिस पर कलेक्टर ने सीईओ जिला पंचायत से सात दिवस के अंदर शत प्रतिशत मजदूरी का भुगतान कराने के निर्देश दिए।
लोक कल्याण शिविर में राजस्व विभाग के 41 शिकायतों में से अधिकांशतः फौती नामांतरण, बंटवारा के पाये गये जिसमें आधे से अधिक प्रकरणों का निराकरण उपस्थित पटवारी, आर आई एवं तहसीलदार से कराकर मौके पर लाभान्वित किया गया। ग्रामीणों की कतिपय शिकायते ऐसी भी रही जिसमें उनका फौती नामांतरण तो कर दिया गया लेकिन हितग्राहियों को न तो ऋण पुस्तिका उपलब्ध कराई गई और न ही खसरा खतौनी जबकि राजस्व अभिलेख में दुरूस्त कर लिया गया था। इसे गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर माल सिंह ने पटवारी को शो काज नोटिस जारी करते हुए एक वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को दिए है।
शिविर में विधायक श्री शिवनारायण सिंह ने कहा कि जिला प्रशासन ने प्रदेश के मुख्यमंत्री कीमंशा के अनुरूप सुदूर अंचल के ग्रामों में लोक कल्याण शिविर आयोजित कर मौके पर हितग्राहियो को लाभान्वित करने की अनुकरर्णीय पहल की है, इससे गांव की समस्यां गांव में निपटेगी और हितग्राहियों को अब कार्यालयों के चक्कर नही लगाने पडेगे। उन्होने कलेक्टर श्री माल सिंह ने मांग की है कि ऐसे शिविरों का सिलसिला अन्य ग्रामों में भी चलाएं जिससे सुदूर अंचल के गरीब, कमजोर एवं असहाय लोगो की समस्याओं का निराकरण गांव में ही हो सके।
