अली अब्बास, ब्यूरो चीफ, मथुरा (यूपी), NIT:

वंचित समाज इंसाफ पार्टी के कुल हिंद सदर डॉ. शेख ने ईद-उल-अजहा (बकरीद) के अवसर पर मुस्लिम समाज से अपील करते हुए कहा है कि प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी से दूर रहें और सरकारी नियमों का पूर्ण पालन करें। उन्होंने कहा कि 28 मई को मनाया जाने वाला यह पर्व पैगंबर हजरत इब्राहिम के अल्लाह के प्रति समर्पण और अटूट विश्वास की याद में मनाया जाता है, जिसमें कुर्बानी के जरिए त्याग, भाईचारे और दान का संदेश दिया जाता है।
डॉ. शेख ने कहा कि इस्लाम में कुर्बानी एक धार्मिक कर्तव्य है, जिसे सक्षम मुसलमानों को निभाना चाहिए, लेकिन मजहब में अन्य जायज जानवरों की कुर्बानी की अनुमति है, इसलिए किसी भी हालत में प्रतिबंधित पशुओं, विशेषकर गाय की कुर्बानी नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर कोई व्यक्ति चोरी-छिपे ऐसा करता है, तो इसकी सूचना पुलिस को दी जानी चाहिए।
उन्होंने समाज से अपील की कि कुर्बानी के दौरान दूसरों की भावनाओं का सम्मान करें और सोशल मीडिया पर कुर्बानी से जुड़े फोटो या वीडियो साझा करने से बचें। साथ ही कुर्बानी के मांस को जरूरत से ज्यादा जमा न करते हुए गरीबों और जरूरतमंदों में बांटने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ईद की असली खुशी तब है जब इसमें समाज का हर वर्ग शामिल हो।

