हनीफ खान, ब्यूरो चीफ, मिर्ज़ापुर (यूपी), NIT:

सरकारी विकास कार्यों का पोल खोलती सरसों ग्राम बिशुनपुर मार्ग। मामला विकासखंड क्षेत्र राजगढ़ की मटिहानी गांव का है जहां बारिश के दौरान गांव की पूरी सड़क कचरे से लबालब भरी हुई है स्कूली छात्र-छात्राओं के साथ दर्जनों राहगीर गिरकर चोटिल हो चुके हैं। वही पंचायत विभाग आंखों पर पट्टी बांधकर खड़ी दिखाई पड़ रही है। मटिहानी गांव निवासी जितेंद्र मौर्य ने बताया कि बारिश के मौसम में भांवा सरसों ग्राम संपर्क मार्ग पूरी तरीके से ध्वस्त होने के साथ कचरा भरा पड़ा है। स्कूल आने-जाने के लिए बच्चों को उसी में से गुजरना पड़ता है। कई बच्चे तो सुबह घर से तैयार होकर स्कूल के लिए निकलते हैं। परंतु रास्ते में पैर फिसल कर गिरने के बाद वापस लौट जाते हैं। वहीं क्षेत्रीय लोग बाइक लेकर फिसल कर गिर चुके हैं। जिसकी शिकायत पंचायत विभाग से कई बार की जा चुकी है। परंतु कोई भी सफाई कर्मी सड़क किनारे पटरियो तक की सफाई नहीं करता।

अगर पटरिया की सफाई हुई होती तो सड़क पर कचरा और जल भराव की स्थिति न उत्पन्न होती। विगत 1 जुलाई से 31 जुलाई तक स्वास्थ्य विभाग और पंचायत विभाग द्वारा संचारी रोग नियंत्रण कार्यक्रम चलाया गया था। परंतु पूरे गांव में इसका कोई भी असर दिखाई नहीं पड़ा न ही मच्छर की दवाई का छिड़काव किया गया,और जल निकासी का भी कोई प्रबंध नहीं कराया गया।जिससे गांव में टाइफाइड मलेरिया डेंगू के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। इस मार्ग से रोजाना सैकड़ो वाहनों के साथ क्षेत्रीय लोगों का आवागमन रहता है। गांव निवासी आसीफ, सद्दाम, रामराज, जय किशन, अजहर, राम प्रकाश, छेदी पाल, दुलारे, कृष्णानंद, लाल बहादुर, समारु आदि ने जिला अधिकारी का ध्यान आकृष्ट कराते हुए उक्त असुविधा से निजात दिलाने की मांग की है।

