फ़िरोज़ खान, बारां(राजस्थान), NIT;
बारां जिला के बासथूनी ग्राम पंचायत मुख्यालय पर वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने से बुजर्ग महिला व पुरुष 3-4 महीने से परेशान हो रहे हैं। भूली बाई सहरिया, गोपाल सहरिया, बिसनी बाई, जगन्नाथी बाई, कस्तूरी बाई, चिकरु बाई, मांगी बाई, नाथी बाई, चतर्भुज सहरिया, तुलसीराम, दौली बाई, बादाम बाई, को अगस्त माह में बैंक बीसी द्वारा 1500 -1500 रुपए पेंशन दी गयी थी, उसके बाद से अभी तक इन लोगों को पेंशन नहीँ दी गयी है और न ही इनकी पासबुक में एंट्री कर रखी है। इनके खाते सेंट्रल बैंक में हैं।बैंक बीसी द्वारा इन लोगों को 4-5 की पेंशन नहीं दी जा रही है। एक बुजर्ग महिला तो ऐसी है जो आँखों से अंधी है, उसको भी अगस्त माह के बाद अभी तक पेंशन नहीँ मिली है।
इन महिलाओं को देखने के बाद ऐसा लगता है कि इनको तो नाजायज परेशान किया जा रहा है। इस तरह के मामले अन्य गाँवों के भी हैं जहाँ लोगों को समय पर पेंशन नहीं मिल रही है। एक तरफ राज्य सरकार दावा करती है कि सबको पेंशन दी जा रही है, वहीँ दूसरी ओर बारां जिले के आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र किशनगंज क्षेत्र के बासथूनी ग्राम पंचायत की प्रेम नगर सहरिया बस्ती के वृद्धजनों को पेंशन के लिए 4-5 माह से इंतजार करना पड़ रहा है।
महिलाओं ने बताया कि बैंक के बीसी के पास जाते हैं तो यह कहकर चलता कर देता है कि अभी आपके खाते में पेंशन नहीं आयी है। यह वृद्धजन बैंक से खाली हाथ लौट आते हैं। इन्होंने अपनी पीड़ा बताते हुए कहा कि दीपावली के आस पास ही पेंशन मिली थी, उसके बाद अभी तक नही मिली है। एक महिला तो ऐसी है, जिसको दिखता नही है। उसके बाद भी दूसरों का सहारा लेकर बैंक बीसी के यहाँ पेंशन लेने जाती है और खाली हाथ लौट आती है। इन महिलाओं ने बताया कि हमारे बुढ़ापे का सहारा एक मात्र पेंशन ही है, वह भी समय पर नहीं मिली तो खर्च चलाना भी मुश्किल हो रहा है। वहीं घट्टी ग्राम पंचायत निवासी ग्यारसी बाई पत्नी मूला सहरिया जिन्हें दोनों आँखों से नजर नहीं आता है, उसको लगभग 7 माह से पेंशन नहीँ मिल रही है।
इसके अलावा शांति बाई, सोना बाई, लीला बाई, को भी पेंशन नही मिल रही है। बिलासगढ़ ग्राम पंचायत के गांव पीपलघटा निवासी राम बाई, हजारी बाई, धन्ना, बसंती बाई, फागु बाई, जमना बाई, हीरू बाई, कस्तूरी बाई, राम बाई पत्नी कंवर लाल, फूलचंद, आनंदीलाल, ऊँकार, धनिया, पुनिया, किशन, कल्ला, कँवर लाल, धन्ना खैरुआ ने बताया कि लगभग 4-5 माह से पेंशन नहीं मिल रही है।
