अब्दुल वाहिद काकर, धुले (महाराष्ट्र), NIT:

धुले एंटी करप्शन ब्यूरो ने बुधवार को नगर निगम के एक लिपिक को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है, इससे पहले नगर निगम के उपायुक्त को भी ब्यूरो ने रिश्वतखोरी के मामले में गिरफ्तार किया था जिससे साबित होता है कि धुलिया महानगर पालिका निगम के बाबू और अधिकारी बिना रिश्वत के कोई भी कार्य नहीं करते हैं।
एंटी करप्शन ब्यूरो के द्वारा उपलब्ध जानकारी के अनुसार शिकायत कर्ता की पत्नी के नाम के आवास के निकाय टैक्स की सेटलमेंट कराने के बदले तीन हजार रुपये की रिश्वत नगर निगम के टैक्स वसूली लिपिक जितेंद्र वंसत जोशी ने मांगी थी, मामला 27 रुपये में तय हुआ लेकिन शिकायतकर्ता की इच्छा रिश्वत देने की नहीं होने के कारण उसने धुले ब्यूरो के उप पुलिस अधीक्षक सुनिल कुराडे को शिकायत दर्ज कराई जिसमें ब्यूरो को बताया कि उसकी पत्नी के नाम पर सूपडू अप्पा कॉलोनी स्थित एक कच्चा मकान था जिसे तोड़कर आरसीसी का निर्माण किया है जिसके कारण बढ़ी हुई आवास कर (टैक्स) कम से कम का बिल लागू कराने के लिए तीन हजार रुपये की रिश्वत मांगी है।
ब्यूरो ने जाल बिछाकर जितेंद्र वसंत जोशी को 2700 रूपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर जांच पड़ताल करने सिटी पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज कराई।
