हनीफ खान, ब्युरो चीफ सोनभद्र (यूपी), NIT:

सोनभद्र जिला के चोपन थाना क्षेत्र के अवई की रहनी वाली 17 वर्षीय कक्षा ग्यारह की छात्रा मोबाइल पर गांव के एक लडके से बात करते देख परिजनों द्वारा डांट फटकार व मारपिट से क्षुब्ध होकर घर भागी छात्रा का शव गुरूवार की सुबह झिनर पोछा के समीप बयराज डेम में पानी में उतराया शव देखे जाने से लोगों मे हड़कम्प मच गया है। किसी ने गायब हुई बालिका के परिजनों व पुलिस को सूचना दी। मौके शव को शिनाख्त घर से भागी छात्रा कु0 अर्चना (17) पुत्री कन्हैयापाल के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अंत परिक्षण करना चाहा तो परिजनों ने हत्या का मुकदमा दर्ज करने के लिए पुलिस पर दवाब बनाकर हो हल्ला करना शुरू कर दिया। चोपन थाना प्रभारी ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया परन्तु परिजन मुकदमा दर्ज करने की माँग पर अडे रहे। जब थाना प्रभारी ने पहले मुकदमा दर्ज करने का आश्वासन दिया तब जाकर परिजन माने। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अंत परिक्षण के लिए जिला चिकित्सालय पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार 3 जनवरी को मृतक छात्रा गांव के रहने वाले एक लड़के से घर में छुप कर मोबाइल से बातचीत कर रही थी कि उसी दौरान छात्रा के परिजन देख आग बुबला हो गये और छात्रा को डांट फटकार कर हाथ मुक्को से पिटाई कर दी जिससे क्षुब्ध छात्रा घर से तकरीबन सायं 7 बजे भाग गयी। परिजन गांव व अपने रिश्तेदारों के घर उसे खोजने लगे लेकिन तकरीबन हफ्ते भर घर से भागी छात्रा अर्चना का पता नहीं चल सका। गुरूवार की सुबह तकरीबन 10 बजे झिनरपोछा जंगल के समीप बयँराज बांध में उसका शव पानी में उतराया देखे जाने से हडकम्प मच गया और देखते ही देखते सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ उमड पड़ी। सूचना पर मौके पर थाना प्रभारी विजय प्रताप सिंह व गुरमा चौकी पुलिस पहुंच गयी, उसी दौरान गायब हुयी छात्र के परिजन मौके पर पहुंच कर अपनी पुत्री कु अर्चना के रूप में शिनाख्त कर रोने बिलखने लगे। पुलिस ने शव को पानी से बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने लगी तो परिजन गांव के एक युवक पर हत्या करने का आरोप लगाते हुए हत्या का मुकदमा दर्ज करने के लिए पुलिस पर दवाब बनाने लगे। पुलिस ने पोस्टमार्टम कर आगे की कार्रवाई करने का भरोसा दिया परन्तु परिजन पहले तत्काल हत्या का मुकदमा दर्ज करने के जिद पर अडे रहे। चोपन प्रभारी निरिक्षक विजय प्रताप सिंह ने मुकदमा पहले दर्ज करने का आश्वासन दिया तब परिजन माने उसके बाद पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
