फराज़ अंसारी, ब्यूरो चीफ बहराइच (यूपी), NIT:

बहराइच जिला का कतर्निया घाट संरक्षित वन क्षेत्र दुर्लभ जाति के वन्यजीवों के अलावा यहां सागवन, शीशम जैसे बेशक़ीमती पेड़ों से भरा पड़ा है। यही वजह है कि बेशक़ीमती लकड़ियों के तस्करों की निगाह हमेशा इस जंगल पर रहती है। वन विभाग भी इन तस्करों को पकड़ने के लिए अपने मुखबिरों के साथ साथ ट्रेंड जर्मन शेफर्ड फीमेल डॉग एर्नी की मदद ले रही है।

बीते शुक्रवार जब सदर बीट के वन दरोगा मयंक पांडेय, डॉग हैंडलर अन्नू कुमार शुक्ला और सहायक डॉग हैंडलर हीरालाल यादव एर्नी को लेकर गश्त पर थे तभी इनको सूचना मिली कि सागवन के पेड़ की कटान कर तस्कर बेशक़ीमती लकड़ी ले कर फरार हो गए है, एर्नी को जब कटे पेड़ के पास की गंध सुघाई गई तो जर्मन शेफर्ड एर्नी सीधे टेडिया गांव के राजू पुत्र बेचू के घर पहुंच गई जहाँ उसने छुपी हुई सागवन की बेशक़ीमती लकड़ी को बरामद करवा दिया। वन विभाग ने राजू और अन्य के खिलाफ विभागीय कार्यवाही कर केस दर्ज करा दिया है। फिल्हाल अभियुक्त घर से फरार हैं।
