शमसुद्दोहा, ब्यूरो चीफ, गोरखपुर (यूपी), NIT:
अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ, जनपद गोरखपुर के तत्वावधान में शिक्षकों ने TET अनिवार्यता के विरोध में मशाल जुलूस निकालकर अपनी सेवा सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता जताई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विशिष्ट बीटीसी संघ के प्रदेश मंत्री, जिला अध्यक्ष एवं महासंघ के जिला संयोजक तारकेश्वर शाही ने कहा कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम लागू होने के बाद 23 अगस्त 2010 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर TET अनिवार्यता लागू करना उनकी सेवा सुरक्षा के खिलाफ है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2011 से नियुक्त शिक्षकों के लिए TET योग्यता अनिवार्य की गई है, लेकिन पुराने शिक्षकों पर इसे लागू करना अन्यायपूर्ण है।
महासंघ के जिला संयोजक एवं जूनियर शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष बाल विनोद शुक्ला ने बताया कि मशाल जुलूस शाम 5 बजे जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय से शुरू होकर गोलघर गणेश चौराहा, जिला पंचायत चौराहा होते हुए काली मंदिर गोलघर पर समाप्त हुआ।
अखिल भारतीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष प्रभाकर मिश्रा ने कहा कि इस जुलूस में जिले भर के शिक्षकों और शिक्षिकाओं ने बड़ी संख्या में भाग लेकर एकजुटता का परिचय दिया। वहीं अटेवा के जिलाध्यक्ष सुनील दूबे ने कहा कि शिक्षक अपनी सेवा सुरक्षा के लिए इस आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर तक ले जाने के लिए तैयार हैं।
विशिष्ट बीटीसी संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष संजय शर्मा, प्रदेश संगठन मंत्री संजय राज सिंह, संरक्षक ज्ञानेश्वर पांडेय और डॉ. महेंद्र राय ने कहा कि यह लड़ाई देश के लगभग 25 लाख शिक्षकों की है, जिसे हर हाल में जीता जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न शिक्षक संगठनों के पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में शिक्षकों ने भाग लेकर आंदोलन को समर्थन दिया।

