इमरान खान, भुसावल/जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

भुसावल शहर में हजरत मन्सूर शाह वली उर्फ घोड़े पीर बाबा के 234वें सालाना उर्स का आगाज़ अकीदत और श्रद्धा के माहौल में हुआ। उर्स की शुरुआत पारंपरिक रस्मों के साथ की गई, जिसमें उर्स कमिटी और अकीदतमंदों ने दरगाह पर चादर पेश कर अमन, चैन और खुशहाली के लिए दुआएं मांगीं।
उर्स के पहले दिन ही बड़ी संख्या में जायरीन दरगाह पर पहुंचे। दरगाह परिसर को रंग-बिरंगी रोशनी और आकर्षक सजावट से सजाया गया है, जिससे पूरे इलाके में उत्सव जैसा माहौल बना हुआ है।
उर्स के दौरान विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसमें मिलाद शरीफ और खास दुआओं का सिलसिला जारी रहेगा। इसके साथ ही उर्स के मौके पर लगे मेले में भी लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है। मेले में बच्चों और बड़ों के लिए झूले, खाने-पीने के स्टॉल और खरीदारी की दुकानें खास आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।
उर्स के मद्देनज़र प्रशासन द्वारा सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, ताकि जायरीन को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो। उर्स कमिटी ने सभी अकीदतमंदों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर उर्स को सफल बनाने की अपील की है।
यह उर्स न केवल आस्था का प्रतीक है, बल्कि समाज में भाईचारा, प्रेम और एकता का संदेश भी देता है।

