रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी, ब्यूरो चीफ, झाबुआ (मप्र), NIT:

शहर में प्रतिबंधित चाइनीज मांझे ने एक बार फिर जान ले ली। महज चार घंटे के भीतर तीन बाइक सवार युवकों के गले चाइनीज मांझे से कट गए, जिनमें एक युवक की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि दो अन्य को गंभीर हालत में सर्जरी करानी पड़ी।
परिजनों के अनुसार मृतक रघुवीर धाकड़ टाइल्स के ठेकेदार थे। रविवार को अवकाश होने के बावजूद वह बाइक से एक साइट देखने गए थे। लौटते समय शकुंतला अस्पताल के पास चाइनीज मांझे की चपेट में आ गए। राहगीरों ने उनके मोबाइल से परिजनों को सूचना दी। घटना शाम करीब साढ़े पांच बजे की बताई जा रही है।
मृतक की पहचान रघुवीर धाकड़ निवासी ओम साई विहार कॉलोनी, बिचौली मर्दाना के रूप में हुई है। उन्हें गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
इसी दिन इंदौर के सपना-संगीता रोड पर नीट की तैयारी कर रहे नरेंद्र जामोद का भी चाइनीज मांझे से गला कट गया। वह अपने दोस्त अनिल चौहान के साथ बाइक से घर लौट रहे थे। अनिल ने उन्हें तत्काल एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। नरेंद्र मूल रूप से धार जिले के देहरी क्षेत्र का निवासी है और इंदौर में रहकर परीक्षा की तैयारी कर रहा है।
तीसरी घटना एरोड्रम थाना क्षेत्र में एयरपोर्ट के सामने की है, जहां स्कीम नंबर 51 निवासी आशीष रघुवंशी का बाइक से गुजरते समय चाइनीज मांझे से गला कट गया। उसे 60 फीट रोड स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
15 लाख रुपये से अधिक का चाइनीज मांझा जब्त
पुलिस के अनुसार पिछले सात दिनों में 15 लाख रुपये से अधिक कीमत का प्रतिबंधित चाइनीज मांझा जब्त किया गया है। चाइनीज मांझा बेचने वालों पर जिला बदर जैसी सख्त कार्रवाई भी की गई है, लेकिन इसके बावजूद खजराना, छत्रीपुरा, कनाड़िया, एरोड्रम, मल्हारगंज और एमजी रोड क्षेत्रों में चोरी-छिपे इसकी बिक्री जारी है।
खजराना ब्रिज और आसपास के इलाकों में खुलेआम पतंगबाजी जारी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि दिनभर वाहन चालक पतंग की डोर से जूझते नजर आते हैं। कई लोग हादसे का शिकार होते-होते बचे हैं, जबकि कुछ गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
हाई कोर्ट के आदेश के बावजूद बिक्री जारी
इंदौर हाई कोर्ट के स्पष्ट आदेशों के बावजूद इंदौर और उज्जैन संभाग में चाइनीज डोर की बिक्री पर पूरी तरह रोक नहीं लग पाई है। मंगलवार को इस मामले की सुनवाई होनी है, जिसमें डिवीजन बेंच के समक्ष प्रशासन को अपनी स्थिति स्पष्ट करनी होगी। अदालत ने स्वतः संज्ञान लेते हुए पुलिस और प्रशासन से जवाब तलब किया था।
चाइनीज मांझा क्यों है खतरनाक
चाइनीज मांझा इंसानों और पक्षियों के लिए जानलेवा होता है। इसे मेटालिक पाउडर और कांच के चूरे से तैयार किया जाता है, जिससे इसमें बिजली का प्रवाह आसानी से हो जाता है। इसके बिजली के तारों पर गिरने से विद्युत आपूर्ति बाधित होने का खतरा रहता है और पतंग उड़ाने वाले को करंट लगने की आशंका भी बनी रहती है।
5 साल में 70 से अधिक घायल, 3 की मौत
पिछले पांच वर्षों में इंदौर में चाइनीज मांझे की चपेट में आकर 70 से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिनमें तीन लोगों की मौत हो चुकी है। इसके बावजूद दुकानदार खुलेआम इसकी बिक्री कर रहे हैं। आरोप है कि कार्रवाई केवल औपचारिकता बनकर रह गई है, क्योंकि अधिकतर मामलों में जमानती धाराएं लगने से आरोपी बच निकलते हैं।
पतंग उड़ाते समय रखें ये सावधानियां
– हमेशा सामान्य और सुरक्षित मांझे का ही उपयोग करें।
– पतंग उलझने पर उसे जबरदस्ती खींचने की कोशिश न करें।
– हाई वोल्टेज बिजली लाइनों से दूर रहकर पतंग उड़ाएं।
– सार्वजनिक स्थानों और सड़कों पर पतंग न उड़ाएं।
– बच्चों को कभी भी अकेले पतंग न उड़ाने दें, उनकी निगरानी आवश्यक है।

