शमसुद्दोहा, ब्यूरो चीफ, गोरखपुर (यूपी), NIT:
7 दिसंबर 2025 को पुरानी पेंशन बचाओ मंच (अटेवा) के प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार बंधु के आह्वान पर प्रदेश के सभी जनपदों में स्व. राम आशीष सिंह का शहादत दिवस मनाया गया। इसी क्रम में जनपद गोरखपुर में विश्वविद्यालय के सामने स्थित पंत पार्क में स्व. राम आशीष सिंह का शहादत दिवस आयोजित किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष सुनील कुमार दूबे ने की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि “राम आशीष सिंह की शहादत व्यर्थ नहीं जाएगी। अटेवा ने ठान लिया है कि पुरानी पेंशन बहाल करानी ही है। हम सरकार से मांग करते हैं कि सभी शिक्षक-कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन व्यवस्था को पुनः लागू किया जाए।”
कार्यक्रम का संचालन जिला महामंत्री ज्ञान प्रकाश सिंह तथा जिला कोषाध्यक्ष वीरेंद्र प्रसाद ने संयुक्त रूप से किया।
संबोधन के दौरान उन्होंने कहा कि एनपीएस और यूपीएस प्रणाली के विरोध में 25 नवंबर 2025 को दिल्ली जंतर-मंतर पर हुई विशाल रैली ने यह स्पष्ट कर दिया है कि देश के शिक्षक और कर्मचारी पुरानी पेंशन (ओपीएस) के अलावा कोई अन्य व्यवस्था स्वीकार नहीं करेंगे।
जिला उपाध्यक्ष राजकुमार और संतोष पाठक ने कहा कि एनपीएस से भी अधिक घातक व्यवस्था यूपीएस के रूप में सरकार ला रही है। यदि सरकार विकल्प देना ही चाहती है तो कर्मचारियों को ओपीएस चुनने का अधिकार दे, ताकि वे अपना भविष्य स्वयं तय कर सकें।
शिव प्रसाद शर्मा और अर्जुन गुप्ता ने कहा कि सरकार जिस तेजी से सार्वजनिक उपक्रमों का निजीकरण कर रही है, वह देश की भावी पीढ़ी के भविष्य के लिए अत्यंत खतरनाक है। निजीकरण देश के हितों के साथ खिलवाड़ है।
कार्यक्रम में सुनील दूबे, ज्ञान प्रकाश सिंह, महिला मोर्चा अध्यक्ष कल्पना सिंह, वीरेंद्र प्रसाद, राजकुमार, संतोष पाठक, अर्जुन गुप्ता, शिव प्रसाद शर्मा, अवनींद्र कुमार सिंह, रामपाल सिंह, रत्न सेन सिंह, ओमप्रकाश सिंह, अजय चौधरी, अजीत कुमार, सतीश चंद्र गुप्ता, रमेश सिंह, अमित कुमार पासवान, अखंड प्रताप मिश्र, दिलीप गुप्ता, यादवेन्द्र यादव, मेवा लाल मौर्य, मनोज शर्मा, वरुण दूबे सहित बड़ी संख्या में शिक्षक-कर्मचारी एवं अन्य संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

