गणेश मौर्य, ब्यूरो चीफ, अंबेडकर नगर (यूपी), NIT:
अंबेडकर नगर जहां डबल इंजन की सरकार में भ्रष्टाचार मुक्त होने के दावे किए जाते हैं रेल मंत्री अश्विन वैष्णव की तरफ से, रेल मंत्री जी जरा इस तस्वीर पर भी गौर करिए साहब कहीं डबल इंजन का धुआं भाजपा सरकार की मुंह पर खाकी का आरपीएफ भ्रष्टाचार की कालिख न पोत दे।

जिले के अकबरपुर रेलवे जंक्शन आरपीएफ पुलिस के असिस्टेंट दलबीर सिंह की घूस लेते वीडियो कैमरे में कैद हुई तो दबंगई का असली चेहरा सामने आया जो आपने कभी नहीं देखा होगा सब गाली तो वैसे देते हैं जैसे गीता का श्लोक मुंह जुबानी याद हो गाली तो मुंह पर इस तरह थी जैसे इनकी रगों में पूरी तरह गाली भारी हो अब देखना है कि इस भ्रष्ट दलबीर सिंह पर रेलवे के अधिकारी कौन सा इनाम देंगे।
असिस्टेंट सरदार दलवीर सिंह रामजी यादव, नरेश कुमार, जयदीप शर्मा, इन सभी ने मिलकर घूस लेने वाली वीडियो को डिलीट करने की मांग की। जब पत्रकार ने मना कर दिया तो जबरन कमरे में बंद कर दिया।

इसकी भनक आरपीएफ इंस्पेक्टर को लगी तो दलबीर सिंह सहित सभी पुलिसकर्मियों को जमकर लताड़ा लगाई। जीएस गौतम के द्वारा कड़े लहजे में दलबीर सिंह को नसीहत दी की पत्रकार के साथ इस तरह की बदसलूकी कानून का थोड़ा भी खौफ नहीं, जीएस गौतम नहीं इसकी शिकायत वाराणसी असिस्टेंट कमिश्नर वीरेंद्र प्रताप सिंह को दी फिर पत्रकार से बातचीत में असिस्टेंट कमिश्नर ने पूरे मामले की जानकारी लेते हुए कार्रवाई का भरोसा दिलाया असिस्टेंट कमिश्नर वीरेंद्र प्रताप सिंह ने इस बात को कहां की दलबीर सिंह की काफी शिकायतें आती हैं और निहायती बदतमीज किस्म के व्यक्ति हैं रेलवे के उच्च अधिकारियों ने मामले को संज्ञान में लेते हुए बलवीर सिंह पर मामला दर्ज करने की बात कही गई।
जिस वीडियो को बलवीर सिंह ने पत्रकार के कैमरे से वीडियो को डिलीट करवाया गया जिसमें उस वीडियो की पूरी स्टिंग पत्रकार के दूसरे कमरे में कैद हो गई।
बलवीर सिंह किस तरह गाली गलौज और धमकी देकर वीडियो को डिलीट करवाया और फर्जी मुकदमे में फसाने की धमकी भी दे डाला।

पूरी वारदात कैमरे में कैद वीडियो में इसकी दबंगई एक सड़क छाप गुंडे और मावली की तरह दिख रहा था खाकी वर्दी में छिपा हुआ भेड़िया दलबीर सिंह अपने आरपीएफ सिपाहियों के साथ घूसखोरी करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहा हैं रेलवे कायदे कानून के उल्लंघन में किसी व्यक्ति को पकड़कर वसूली खूब करते हैं 10 व्यक्तियों को अगर पकड़ा गया दो पर कार्रवाई आठ पर वसूली की जाती है जानकारी के मुताबिक वसूली की खबर आरपीएफ इंस्पेक्टर के पास कई बार जा चुकी है।घूसखोरी का पैसा जीआरपी पुलिस में बटवारा होता है।जैसे ही पुलिस की रिश्वतखोरी का यह वीडियो कैमरे में कैद होने की सूचना मिलती है सनकी दलबीर सिंह को पूरी तरह सनक सवार हो जाता है और सड़क छाप गुंडो की तरह आमर्यादित भाषा गाली गलौज दलबीर सिंह अपने सिपाहियों के साथ मिलकर करने लगते हैं वीडियोग्राफर असद खान का मोबाइल कैमरा छीनकर घंटों तक रखा गया रेलवे मंडल के अधिकारियों तक यह सूचना लगी फिर बलवीर सिंह को तत्काल डिवीजन पर हाजिर होने की सूचना दी गई, यह सारी घटना आरपीएफ इंस्पेक्टर जीएस गौतम की आंखों के सामने हुआ जीएस गौतम को भी गाली देने से नहीं बाज आया।

