मेहलक़ा इक़बाल अंसारी, ब्यूरो चीफ, बुरहानपुर (मप्र), NIT:

विगत लगभग 1 वर्षों से रोटी बैंक के कार्यकलापों एवं कथित अनियमिताओं को लेकर सोशल मीडिया पर काफ़ी आलोचना हो रही थी। सोशल मीडिया पर कथित अनियमित्ताओं और हिसाब किताब को लेकर अनेक बातें जन चर्चाओं के माध्यम से मंज़र ए आम पर आ रही हैं। सोशल मीडिया पर लगे आरोपों पर जवाब देने के लिए संचालक ने समय मांगा। उसके कुछ देर बाद रोटी बैंक संचालक ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर रोटी बैंक के अंतर्गत चलने वाली टिफिन सेवा को आज दिनांक 11 जनवरी 2024 से बंद करने की घोषणा कर दी। रोटी बैंक संचालक ने कहा कि रोटी बैंक संस्था विगत चार वर्षों से बुरहानपुर शहर के निराश्रित बुजुर्गों को रोज उनके घर जाकर ताजा भोजन से भरे टिफिन निःशुल्क वितरित करते आ रही है।
इसी फाउंडेशन द्वारा रोटी बैंक वृद्धाश्रम भी संचालित होता है। जहां पर दस बेघर बुजुर्ग निवासरत हैं। जिनके दोनों टाइम भोजन चाय और उनके इलाज आदि की व्यवस्था निःशुल्क की जाती है। अनेक दान दाताओं के आर्थिक सहयोग से यह परमार्थिक सेवा अविरत चलते रही है, लेकिन अब आर्थिक तंगी के चलते यह टिफिन वितरण की सेवा दिनांक 11 जनवरी 2024 से बंद की जाती है।
पत्रकार स्वर्गीय श्री विजय कुमार सिंह शिंदे फाउंडेशन एक रजिस्टर्ड संस्था है। जिसके समस्त अधिकृत सदस्यों ने मिलकर यह निर्णय लिया है की निराश्रित बुजुर्गों के लिए संचालित निःशुल्क टिफिन सेवा को अब तुरंत रोक देना ही उचित है। क्योंकि इस सेवा में लगने वाले आर्थिक खर्चे इतनी दान राशि संस्था को नहीं मिल पा रही है। इसलिए निःशुल्क टिफिन सेवा बंद की जाती है।
फाउंडेशन के अध्यक्ष संजयसिंह शिंदे ने कहा कि उन्हें उनके अध्यक्ष पद से इस्तीफा देना है ताकि और कोई योग्य व्यक्ति इस सेवा को बेहतर संचालित कर सके। तब फाउंडेशन के अन्य सभी सदस्यों ने भी निर्णय लिया है की संस्था के वर्तमान समय की अधिकृत कार्यकारिणी व सदस्य अपने अपने पद से इस्तीफा देंगे और अतिशीघ्र चुनाव कर के नवीन कार्यकारिणी गठित की जाएंगी। इसमें नए सदस्यों को भी अधिकृत सदस्य होने की मान्यता दी जाएगी। अब तक इस संस्था में जिसने भी अधिकाधिक राशि दान में दी है उनको संस्था का संरक्षक और आय व्यय निगरानी समिति का स्थाई सदस्य (फाउंडर मेंबर) बनाया जाएगा। सभी सदस्यों को निर्धारित वार्षिक सदस्यता शुल्क देना अनिवार्य होगा। अधिकाधिक सदस्य बनाने हेतु सदस्य बढ़ाओ अभियान चलाया जाएंगा।
संस्था अध्यक्ष शिंदे ने बताया कि उन्होंने दान दाताओं की आर्थिक मदद से बुजुर्गों को अच्छे से अच्छी सेवा देने का भरसक प्रयास किया है। दान दाताओं को धन्यवाद देते हुए उन्होंने कहा कि मैंने अपने जीवन के पूरे चार वर्ष का हर दिन बुजुर्गों की सेवा में लगाया है। फिर भी कोई त्रुटि हुई हो तो दानदाता और सभी बुजुर्ग उन्हें क्षमा करें। आगे शिंदे ने बताया कि नवीन कार्यकारिणी का गठन होने पर सभी नवागत सदस्यों को अब तक के सारे आवक जावक राशि और स्थाई वस्तुओ की जानकारी देकर उनकी समस्त जिम्मेदारी का हस्तांतरण किया जाएगा। अंत में संजयसिंह शिंदे ने उन समस्त पत्रकार साथियों का भी आभार माना जिन्होंने रोटी बैंक के समाचार अपने अखबार और चैनलों पर प्रसारित किए हैं।
