पवन परूथी/गुलशन परूथी, ग्वालियर (मप्र), NIT:

शहर में अत्याधुनिक ट्रैफिक प्रणाली आईटीएमएस को सुचारु रुप से क्रियांवित करने के लिये जरुरी है कि आम नागरिक ट्रैफिक नियमों के प्रति सजग हों व अन्य को भी इन नियमों के पालन के लिये जागरुक करें, यह बात आज शनिवार को स्मार्ट सिटी सीईओ श्रीमती जयति सिंह ने आईटीएमएस प्रणाली जागरुकता कार्यशाला में शामिल प्रतिभागियों को संबोधित करते हुये कही। ट्रैफिक जक्शनों पर लगे अत्याधुनिक आईटीएमएस सिस्टम के प्रति जागरुकता के उद्देश्य से स्मार्ट सिटी तथा एसोसिएशन ऑफ़ ग्वालियर यूथ सॉसायटी के तत्वाधान में बालभवन में यह कार्यशाला आयोजित की गई थी, जिसमें बडी संख्या में एनसीसी, एनएसएस, ट्रैफिक वार्डन सहीत यातायात से जुडी स्वयंसेवी संस्थाओं के सदस्यों ने हिस्सा लिया। एसोसिएशन ऑफ ग्वालियर यूथ सॉसायटी की ओर से श्री दीपक अग्रवाल व अन्य प्रतिनिधि कार्यशाला में उपस्थित रहे।
कार्यशाला को संबोधित करते हुये श्रीमती सिंह ने कहा कि ग्वालियर स्मार्ट सिटी द्वारा आईटीएमएस परियोजना के अन्तर्गत शहर के व्यस्त मार्गों व चौराहों पर यातायात को सुगम बनाने के लिये आधुनिक तकनीक से सुधार किया गया है। वहीं इस सिस्टम के तहत कंट्रोल रुम से आनलाइन ई-चालानी कार्यवाही भी की जा रही है।

आमजन इन यातायात नियमों के बारे में जागरुक हो सके उसके लिये जरुरी है कि ट्रैफिक वाँलिंटियर्स के रुप में काम कर रही विभिन्न संस्थाओं द्वारा आगे बढकर आम लोगों को ट्रैफिक नियमों के जानकारी देने के साथ साथ उन्हें नियमों का पालन करने के लिये जागरुक किया जाये। उन्होंने कार्य़शाला में शामिल प्रतिभागियों को बताया कि शहर के लिये अभी यह सिस्टम काफी नया है और आम लोग चालानी कार्यवाही से बचने के लिये यातायात नियमों का पालन करें इसके लिये जरुरी है कि उनके द्वारा वाहन चालकों को ज्यादा से ज्यादा जागरुक किया जाये। श्रीमती सिंह ने बताया कि स्मार्ट सिटी द्वारा आगे भी समय समय पर इस तरह के जागरुकता कार्यक्रम किये जाएंगे ताकि ज्यादा से ज्यादा शहरवासी ट्रैफिक नियमों के बारे में जागरुक हो सकें।
कार्यशाला में टेक्नोसिस सिक्यूरिटी प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के आईटीएमएस सिस्टम विशेषज्ञों द्वारा प्रतिभागियों को प्रजेंटेशन के माध्यम से ग्रीन कॉरिडोर के महत्व सहीत इमर्जन्सी कॉल बॉक्स, व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम (वीटीएस) के बारे में, पब्लिक ऐड्रेस सिस्टम के जरिए चौराहों पर यातायात नियमों के बारे में प्रचार-प्रसार करने और दिशा-निर्देश दिए जाने के संबंध में, आपात स्थिती व वीआईपी, वीवीआईपी आवागमन के समय ट्रैफिक सिग्नल को मैनुअल या ब्लिंक पर किए जाने के बारे में जानकारियों से अवगत कराने के साथ ट्रैफिक लोड के हिसाब से सिग्नल के समय में कैसे बदलाव किये जाते हैं इसके बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। वहीं आईटीएमएस सिस्टम के माध्यम से किस यातायात नियमों का उल्लंधन करने पर ई-चालानी प्रक्रिया की जाती है इसकी भी विस्तार से प्रतिभागियों को को जानकारी दी गई।
कार्य़शाला के अंत में प्रतिभागियों द्वारा आईटीएमएस सिस्टम को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव भी दिये गये व उनकी जिज्ञासाओं का समाधान विषय विशेषज्ञों द्वारा किया गया।
