साबिर खान, मथुरा/लखनऊ (यूपी), NIT:

राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के स्टेट जोनल कोऑर्डिनेटर चौधरी मानवेंद्र पाण्डव ने प्रेस कांफ्रेंस कर मीडिया को बताया कि विगत दिनों राष्ट्रीय गांधी पंचायती राज संगठन की बैठक जूम ऐप के माध्यम से राष्ट्रीय अध्यक्ष मीनाक्षी नटराजन के दिशा निर्देशन में हुई थी जिसमें यह फैसला लिया गया कि राजीव गांधी पंचायती राज संगठन काम मांगो अभियान के तहत गांव में अपने कार्यक्रम करेगा, उसी दिशा निर्देशन के आधार पर आज स्टेट जोनल कोऑर्डिनेटर चौधरी मानवेंद्र पांडव ने अवगत कराया कि केंद्रीय नेतृत्व के निर्देशानुसार पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश में गांव गांव जाकर अपने अधिकारों के बारे में मनरेगा श्रमिकों को जागरूक किया जाएगा।
मनरेगा में श्रमिकों को 10 अधिकार दिए गए हैं जिनमें सबसे पहला अधिकार है 100 दिन का काम, रजिस्ट्रेशन के बाद जॉब कार्ड पाने को तथा आवेदन के बाद रसीद पाने का अधिकार, श्रमिकों द्वारा काम मांगने के 15 दिनों के अंदर 5 किलोमीटर दायरे में रोजगार प्राप्त करने, काम उपलब्ध न होने की स्थिति में बेरोजगारी भत्ता प्राप्त करना, काम पूरा करने पर न्यूनतम मजदूरी प्राप्त करना आदि अधिकार शामिल हैं।
श्री पांडव ने बताया कि ग्रामीण इलाकों के भ्रमण के दौरान गांव गांव जाकर के लोगों को इस प्रावधान के बारे में बताया जाएगा और लोगों को अवगत कराया जाएगा और मौके पर ही form-6 भरवाया जाएगा।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए श्री पांडव ने बताया कि कई जगहों पर ऐसी स्थिति हो जाती है कि दबंगों के द्वारा जॉब कार्डो को जप्त कर लिया जाता है, भुगतान में विलंब होता है, मजदूरी का सही मूल्यांकन नहीं किया जाता, जेसीबी के द्वारा कार्य कराया जाता है। जो सुविधाएं मजदूरों को देनी चाहिए उसे वह नहीं मिलती हैं, फर्जी मास्टर रोल तैयार करके लोगों को भ्रमित किया जाता है। ऐसे लोगों को राजीव गांधी पंचायती राज संगठन वस्तुस्थिति पर जाकर के आकलन करेगा और अपने क्षेत्र की समस्याओं को लेकर के लोगों को समझाएगा और लोगों को कानूनी दायरे में उनको हक दिलाने का काम करेगा।
पत्रकार वार्ता में राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के स्टेट जोनल कोऑर्डिनेटर चौधरी मानवेंद्र पांडव, वरिष्ठ नेता रुस्तम सिंह लोधी, क्षेत्र पंचायत सदस्य यदुराज सिंह पांडव, मोहम्मद रईस, एमपी सिंह, चौधरी शिवराज सिंह, राकेश, जमील उद्दीन आदि मौजूद रहे।
