संदीप शुक्ला, इंदौर/भोपाल, NIT;
इंदौर में पुलिस विभाग की बडी चूक सामने आई है। दिलचस्प बात तो यह कि एक युवती अपने आप को एडीजी की बहन बता कर इंदौर पुलिस आफिसर मेस में दस महीने तक रूकी रही लेकिन पुलिस ने कोई तवज्जो नहीं दी जबकि वह सरकारी गाडी में गार्ड के साथ घूमती भी थी। खुलासा होने पर पुलिस ने लडकी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
मिली जानकारी के अनुसार इंदौर पुलिस ऑफिसर मेस में एक संदिग्ध युवती 10 महीने से अधिक समय से रुकी हुई थी और पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। मेस में रुकी युवती खुद को एडीजी की बहन बताकर रुकी थी और उसकी सुरक्षा में गार्ड ओर गाड़ी भी तैनात थी लेकिन पुलिस को युवती पर शक होना तो दूर रोज तमाम अफसर उसे सलाम ठोकते थे।
करीब 10 महीने युवती ऑफिसर मेस में रुकी रही और जब मामले का खुलासा सोमवार रात हुआ तो पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। देर रात पुलिस ने मौके पर पहुचकर युवती को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरुकर दी है । युवती इंदौर भोपाल सहित कई शहरों में ऑफिसर मेस सहित अन्य विभागों के गेस्ट हाउस में रुक चुकी है और सरकारी गाड़ी ओर गार्ड के साथ घूमती थी । युवती अपना नाम सोनाली शर्मा बताकर यह रुकी थी । पूरा मामला सामने आने के बाद अब कई सवाल खड़े हो रहे है । खास बात यह है ऑफिसर मेस में कही सीसीटीवी कैमरे भी नजर नही आये जो एक बड़ी चुकी है।
मामले का खुलासा होने के बाद देर रात एसपी विवेक सिंह , एएसपी रूपेश द्विवेदी , धनंजय शाह टीआई मंजू यादव सहित तमाम अफसर मोके पर पहुँचे ओर पूछताछ शुरु कर दी है ।ऑफिसर मेस में युवती के रुकने के पीछे उसकी मंशा क्या थी और कोई गोपनीय जानकारियां तो वो कही भेज नही रही थी इस सब बिंदुओं पर पुलिस जांच कर रही है।
लेकिन पूरा मामला सामने आने के बाद पुलिस की एक बड़ी लापरवाही जरूर सामने आई है । क्योंकि जिस ऑफिसर मेस में कोई बगैर इजाजत के दाखिल नही हो सकता वहां युवती पिछले 10 महीने से रुकी थी जो अपने आप में कई बड़े सवाल खडे कर रही है।
