अविनाश द्विवेदी/इम्तियाज़ चिश्ती, दमोह (मप्र), NIT;
सोशल मीडिया पर एक जाति विशेष के लिए आपत्तिजनक पोस्ट डालने पर हज़ारों लोगों ने सडक पर उतर कर विरोध जताया और प्रशासन को ज्ञापन सौंप कर कार्यवाही की मांग की।
दमोह में सोशल मीडिया पर एक समुदाय विशेष पर आपत्तिजनक पोस्ट ने बबाल खड़ा कर दिया। दरअसल कुछ दिनों पूर्व सोशल मीडिया पर अनुसूचित जाति वर्ग पर दूसरे वर्ग के व्यक्ति ने आपत्ति जनक शब्द कहे, जिस पर अनुसूचित जाति के लोग हजारों की तादाद में सड़कों पर उतर आये और आरोपी पर कार्यवाही की मांग करते हुए प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।
बुंदेलखंड इलाके के दमोह शहर की फिजा कभी इतनी नहीं बिगड़ी जितनी एक सोशल मीडिया की पोस्ट ने बदल दी। एक दूसरे जाती धर्म के खिलाफ सोशल मीडिया पर आपत्ति जनक पोस्ट करते है और शहर की फिजा खराब करने से नही चूकते । ऐसा ही हो रहा है दमोह में। बीते दिनों एक जाति के खिलाफ दूसरी जाति के व्यक्ति ने पोस्ट की तो बदले में फिर वही तरीका दूसरे पक्ष ने अपनाया जिससे दोनों वर्ग के लोगों ने आपत्ति दर्ज करते हुए आरोपियों पर कार्यवाही की मांग की। इसी कड़ी में एक पक्ष ने पुलिस की कार्यवाही पर भेदभाव का आरोप लगाया और जिला प्रशासन से उचित कार्यवाही की मांग करते हुए नगर के अम्बेडकर चौक से विशाल जुलूस निकाल कर अपना विरोध दर्ज किया। जिसमें हजारों की तादाद में शामिल लोगों में गम और गुस्से का माहौल देखने को मिला। बाद में जिला प्रशासन से अपर कलेक्टर आनंद कोपरिया और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अरविंद कुमार दुबे पहुंचे और नाराज लोगों से बात की और ज्ञापन लिया साथ ही उचित कार्यवाही का भरोसा दिलाया। तो वही समाज के लोगों ने अनुसूचित जाति वर्ग की अन्य मांगे प्रशासन के सामने रखी।
दमोह के मुख्य मार्गों से निकली रैली में हज़ारों की संख्या में अनुसूचित जाति जनजाति के लोग शामिल हुए।अजाक्स संघ, भीमराव अंबेडकर अनुयाई मंच, भीम सेना सहित समस्त अनुसूचित जाति संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया।
