अबरार अहमद खान/मुकीज़ खान, भोपाल (मप्र), NIT:
राजधानी में कथित फर्जी अस्पतालों के खिलाफ विरोध तेज होता जा रहा है। भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) ने शनिवार को भोपाल में अनोखा प्रदर्शन करते हुए शहर के विभिन्न स्थानों पर पोस्टर लगाकर व्यवस्था के खिलाफ आवाज़ बुलंद की।
NSUI कार्यकर्ताओं ने उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ला के निवास, स्वास्थ्य संचालनालय, आयुष्मान कार्यालय और सीएमएचओ कार्यालय के बाहर पोस्टर चस्पा किए। इन पोस्टरों के माध्यम से संगठन ने कथित रूप से फर्जी अस्पतालों को संरक्षण देने वालों पर निशाना साधा।

NSUI प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार ने आरोप लगाया कि भोपाल में कई अस्पताल ऐसे संचालित हो रहे हैं, जहां कागजों में डॉक्टर और स्टाफ दिखाकर नियमों की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने कहा कि लगातार शिकायतों और विरोध के बावजूद सीएमएचओ डॉ. मनीष शर्मा द्वारा प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही, जिससे शहर में एक बड़े सिंडिकेट के सक्रिय होने की आशंका है।
प्रदर्शन के दौरान लगाए गए पोस्टरों में व्यंग्यात्मक संदेश लिखे गए, जैसे“भोपाल में फर्जी अस्पताल खोलने के लिए संपर्क करें नट्टू शर्मा” और“फर्जी निरीक्षण रिपोर्ट बनाने के लिए संपर्क करें टीम नटवरलाल”
संगठन का कहना है कि इन पोस्टरों के जरिए स्वास्थ्य व्यवस्था में कथित गड़बड़ियों को उजागर करने की कोशिश की गई है।
वहीं, इस पूरे मामले में सीएमएचओ डॉ. मनीष शर्मा ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि NSUI राजनीतिक कारणों से इस तरह का प्रदर्शन कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि विभाग द्वारा लगातार अस्पतालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है और कई के पंजीयन निरस्त किए जा चुके हैं।
NSUI जिलाध्यक्ष अक्षय तोमर ने कहा कि फर्जी अस्पतालों के कारण मरीजों के जीवन के साथ गंभीर खिलवाड़ हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई अस्पताल बिना पंजीकृत स्टाफ के ही संचालित हो रहे हैं, जो बेहद चिंताजनक है।
NSUI ने मांग की है कि सीएमएचओ डॉ. मनीष शर्मा को तत्काल निलंबित कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो उप मुख्यमंत्री के निवास का घेराव कर उग्र आंदोलन किया जाएगा।
