इमरान खान, नंदूरबार (महाराष्ट्र), NIT:
महाराष्ट्र प्राथमिक शिक्षण परिषद, मुंबई की ओर से राज्य की स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं की स्कूलों में 15 लाख लड़कियों के लिए रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा अभियान चलाने का आवाहन संबंधित विभाग द्वारा किया गया है।
इसी के तहत आत्मरक्षा अभियान के अंतर्गत छात्राओं को स्व-संरक्षण के पाठ सिखाए जा रहे हैं। यह उपक्रम नंदुरबार जिले में महाराष्ट्र प्राथमिक शिक्षण परिषद, मुंबई के माध्यम से संचालित किया जा रहा है।
विश्व महिला दिवस के अवसर पर नंदुरबार जिले के अक्कलकुवा तालुका स्थित जिला परिषद स्कूल गुलीउंबर में प्रशिक्षण दिया गया।
इस अवसर पर केंद्र प्रमुख वसंत गावित, मुख्याध्यापक रवींद्र महाले, सरपंच राकेश नानसिंग वळवी, स्वास्थ्य विभाग के सब-सेंटर की एएनएम कमल तडवी, विद्यालय के विद्या वळवी, मंगला भामरे, माधवी पाडवी, दिलवरसिंग वसावे तथा जिला समन्वयक दीपक पाठक सर, प्रणाली चव्हाण मैडम, वंदना पाडवी मैडम, मयूर भोई सर और सावण वसावे सर उपस्थित रहे।
महाराष्ट्र प्राथमिक शिक्षण परिषद, मुंबई की ओर से राज्य की स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं की स्कूलों में लड़कियों के लिए यह अभियान व्यापक स्तर पर चलाया जा रहा है। नंदुरबार जिले की 233 स्कूलों में वर्तमान में यह अभियान संचालित है तथा आश्रम स्कूल, जिला परिषद और महापालिका की स्कूलों में भी बड़ी संख्या में छात्राएं इस प्रशिक्षण का लाभ ले रही हैं।
इस अभियान के अंतर्गत लड़कियों को स्व-संरक्षण के लिए आवश्यक विभिन्न प्रकार का प्रशिक्षण प्रशिक्षित प्रशिक्षकों द्वारा दिया जा रहा है। राज्य की छात्राओं को आधुनिक और संपूर्ण प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए महाराष्ट्र प्राथमिक शिक्षण परिषद के शालेय शिक्षण विभाग की ओर से विशेष मार्गदर्शन एवं अभ्यास सत्र आयोजित किए जा रहे हैं।
इस प्रशिक्षण का एक महत्वपूर्ण हिस्सा योग भी है। योग के माध्यम से छात्राओं में उत्साह, शारीरिक तंदुरुस्ती और मनोबल में वृद्धि हो रही है। इसके साथ ही उन्हें मिलिट्री ट्रेनिंग भी दी जा रही है।
इस प्रकार यह संपूर्ण अभियान प्रभावी रूप से संचालित किया जा रहा है, ऐसी जानकारी खापर केंद्र प्रमुख वसंत गावित ने दी।
