अविनाश द्विवेदी/शेरा मिश्रा, कटनी (मप्र), NIT;
विजयराघवगढ़ सलैया बडगैया मे सार्वजनिक संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा 4/1/2018 से कथा व्यास पं श्री लक्ष्मीकांत शास्त्री जी महाराज के मुखार विंद से कि जा रही है। कथा स्मरण करने भक्तों की अच्छी खासी भीड़ उमड़ रही है। ग्रामीणों के सहयोग से कथा व्यास जी महाराज अपने मुखार विंद से ज्ञान गंगा की अलख जगा रहे हैं कलश याता के पश्चात ज्ञानपीठ पंडितों द्वारा भागवत कथा मे पूरे रिती रिवाज के साथ पूजा अर्चना कर स्थापना की गई तथा कथा प्रारम्भ हुई तथा भागवत कथा मे पाण्डव कथा सुष्टि विस्तार श्रीकृष्ण जन्मोत्सव गोवर्धन लीला तथा कल दिनांक 9/01/2018 को रुक्मणी विवाह ग्रामीणों के बच्चों को तैयार कर श्रीकृष्ण रुक्मणी विवाह कराया गया भक्तों ने भगवान के पैर पूजन के साथ बधू पक्ष की ओर से दहेज भी दिया तो वही पुरुषों ने बर पक्ष के साथ बराती बन कर बरात का आनंद लिया विवाद का यह सुन्दर नजारा मन मोह रहा था सभी ग्रामीण बैंड बाजो मे अपनी खुशी का इजहार करते हुए जम कर गाजे बाजे के सामने थिरके। कथा व्यास लक्ष्मीकांत शास्त्री जी महाराज रोजाना साम तीन बजे दोपहर से रात्रि 7 बजे तक भागवत कथा का रसपान कराते हैं। अमृत वाणी को सुनकर आसपास की ग्रामीण के भक्त भी खिचे चले आते हैं।
कथा व्यास जी ने कहा कि भागवत कथा के रसपान के लिए पैसो की चिंता करना नही चाहिए इश्वर यह सौभाग्य सभी को देता है बस हमारी सोच और निश्चल भावना होनी चाहिए भागवत श्रीकृष्ण स्वयं करा देते है जरुरी नही कि भागवत कौन करा रहा है किसके दुवारा हो रही है भागवत कथा का रसपान करने के लिए सब कुछ भूल कर भागवत कथा का रश पान करीए श्रीकृष्ण भागवत कथा का फल आप को भी देगे । श्रीकृष्ण जीके चरणों मे सब सामान्य है न कोई अमीर न कोई गरीब न कोई पापी न कोई पुजारी अपना भेदभाव मिटाकर श्रीकृष्ण के चरणों मे रहे जिवन का आनंद प्राप्त होगा। भागवत कथा मे 10/01/2018 को सुदामा चरित्र तथा 11/01/2018 को पूर्ण अहूती हवन के साथ भंडारा किया जाएगा छेत्री सभी इश्वर से प्रेम करने वाले भक्त अवश्य पहुचे और खुद को पवित्र करे।
