अब्दुल वहीद काकर, धुले (महाराष्ट्र), NIT;
धुलिया शहर में भीम सैनिकों में निषेध रैली, रास्ता रोक आंदलोन कर भिमा कोरेगांव घटना का निषेध व्यक्त किया। पुलिस प्रशासन के द्वारा सीएसपी हिंमत जाधव पुलिस अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम कर रखे थे, जिसके चलते बुधवार सुबह से एक दो घटना को छोड़कर शहर सहित ज़िले में शांति पूर्ण तनाव की स्थिति बनी हुई थी। सुबह से सौ प्रतिशत व्यापरी प्रतिष्ठान यात्री बस और टैक्सी कार भी बंद होने से यात्रियों के अलावा आम आदमी को अनेक परेशानियों से गुजरना पड़ा।
सोमवार की सुबह भीमा कोरेगांव, सणसवाडी परिसर में पथराव और गाड़ियां जलाने की घटना घटी थी, जिसका असर मंगलवार की दोपहर को धुलिया ज़िले के विभिन्न शहरों में दिखाई दिया। हिंसा फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कारवाई करने की मांग को लेकर आंबेडकर वादी संगठनों ने भीमा कोरेगांव में हुए हिंसा का विरोध करने के लिए बुधवार को ज़िले में जगह जगह पर भीम सैनिकों ने निषेध रैली निकाली और महाराष्ट्र बंद का ऐलान किया। इस दौरान एक महा रैली का आयोजन धुलिया शहर में भी किया गया। सुबह ग्यारह बजे के बीच डॉक्टर भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा से रैली आंरभ किया गया, जिसमें हजारों की संख्या में भीम सैनिकों ने मोर्चा निकाल कर ज़िला अधिकारी दिलीप पांढरपट्टे को पुणे में भड़की हिंसा के दोषयों पर कड़क कानूनी कारवाई आदि मांगों का ज्ञापन सौंपा।
संविधान संरक्षण समिति ने ज़िला अधिकारी को सौपे पांच सूत्रीय मांगों में बताया है कि भिमा कोरेगांव में अंबेडकर वादीयों पर हमला करने वाले लोगों के खिलाफ भारतिय दंड संहिता 302 ,307, 292 अट्रासिटी, दहशत फैलाने के अपराध दर्ज कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच तीन सेवानिवृत्त दलित न्यायमूर्तियों के द्वारा किया जाए। सिकरापुर पुलिस निरीक्षक, उप निरीक्षक खोले और माने को कर्तव्य कसूर करने के अपराध में निलंबित किये जाने, दंगे में मारे गए व्यक्ति के परिवार जनों को पचास लाख रुपये घायलों को पांच लाख रुपये और सौ प्रतिशत नुकसान का हर्जाना देने तथा भीमा कोरेगांव की भूमि अधिग्रहण कर पुलिस स्टेशन निर्माण किया जाने की मांगों का निवेदन मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नाम से ज़िला अधिकारी को एमजी धिवरे वाल्मीकि दामोदर संजय पगारे अधिवक्ता रविकांत वाघ आदि ने दिया।
देवभाना रास्त रोको
भीमा कोरेगांव की घटना का असर ज़िले में तीसरे दिन भी हुआ। बुधवार को कुछ जगहों पर पथराव और रास्ता रोको आंदोलन की वजह से आगरा मुंबई की यातायात करीब एक घन्टे तक थम गई। कापड़ना चौराहे से नगांव तक महामार्ग पर जाम लगा रहा। इस दौरान रास्ता रोको कर रहे आंदोलनकारियों ने एंबुलेंस को रास्ता देकर शांति से आंदोलन किया।
स्कूलों में अघोषित छुट्टी
अनुचित घटनाओं होने के डर से स्कूल और कॉलेजों में बुधवार के दिन नियमित रूप महाराष्ट्र बंद के कारण अभिभावकों ने छात्राओं को स्कूल नहीं भेजा, जिसके कारण शहर के विभिन्न स्कूलों में सन्नाटा छाया रहा।
सीबीआई जांच की मांग संभाजी ब्रिगेड ने की, दिया ज्ञापन
संभाजी ब्रिगेड ने भिमा कोरेगांव घटना की सीबीआई जांच की मांग का निवेदन ज़िलाधिकारी दिलीप पांढरपट्टे से किया, जिसमें बताया गया कि 1 जनवरी को अंबेडकरवादी संगठनों द्वारा शोर्य दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में हिंसा की। संभाजी ब्रिगेड निंदा करती है और हिंसात्मक कार्रवाई के पीछे मास्टरमाइंड का सुराग लगाने के लिए भिमा कोरेगांव घटना की सीबीआई जांच काराई जाने की मांग हेमंत भड़क, महेश पाटिल, सुरेखा नन्दरे आदि ने किया है।
