अबरार अली, ब्यूरो चीफ, सिद्धार्थ नगर (यूपी), NIT:

सम्पूर्ण प्रदेश सहित जनपद सिद्धार्थनगर में मस्जिद मदरसों को अवैध बता कर बुल्डोजर चलाने वाली सरकार को केवल मस्जिद मदरसे ही क्यों दिखाई देता है अन्य किसी पर सरकार कार्यवाही क्यों नहीं करती है?
उक्त बातें बसपा नेता पूर्व जिला महासचिव सिद्धार्थनगर शमीम अहमद ने सोमवार को एक प्रेस विज्ञप्ति में कही है। उन्होंने आगे कहा कि भारत के संविधान में बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर ने सभी धर्म के मानने वालों को अपने अपने धर्म के अनुसार धार्मिक स्थल बनाने का अधिकार दिया है, मगर प्रदेश सरकार द्वारा केवल मस्जिद मदरसे को अवैध बताया जा रहा है। सैकड़ों सालों से बने मस्जिद मदरसों को अवैध बता कर धर्म विशेष को परेशान किया जाना उचित नहीं है।
सर्वाेच्च न्यायालय में अनुच्छेद ३२ भारतीय संविधान के अनुसार याचिका दाखिल की गई है। उक्त याचिका से बिना किसी विधिक अधिकार के प्रदेश भर में गैर मान्यता प्राप्त मदरसों पर जबरन कार्यवाही पर रोक लगाने की मांग की गई है। शमीम अहमद ने सर्वाेच्च न्यायालय एवं विशेष सचिव उत्तर प्रदेश शासन द्वारा जारी निर्देश को संज्ञान में लेते हुए मस्जिद मदरसों पर हो रही कार्रवाई पर रोक लगाई जाए।
