अबरार अली, ब्यूरो चीफ, सिद्धार्थ नगर (यूपी), NIT:

फसल अवशेष प्रबंधन योजनान्तर्गत जनपद के कम्बाइन धारकों के साथ जिलाधिकारी डा0 राजा गणपति आर0 की अध्यक्षता एवं मुख्य विकास अधिकारी श्री जयेन्द्र कुमार की उपस्थिति में कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी डा0 राजा गणपति आर0 ने उपस्थित जनपद के कम्बाइन धारकों से कहा कि कम्बाइन के साथ सुपर स्ट्रा मैनेजमेंट सिस्टम का प्रयोग अवश्य करें। जो कम्बाइन द्वारा काटी गयी फसल के अवशेष को छोटे-छोटे टुकड़ों में करके खेत में विर देता है। जिससे फसल अवशेष को आसानी से मृदा में मिलाया जा सकता है।

इसके अलावा मल्चर, सुपर सीडर, जीरो टिल सीड कम फर्टिलाइजर ड्रिल का भी प्रयोग करे। पराली से आग नहीं लगनी चाहिए। जिलाधिकारी ने कन्ट्रोल रूम स्थापित करने का निर्देश दिया गया। जिनको पराली की आवश्यकता नही वे गौशाला में दान दे सकते है। खण्ड विकास अधिकारी अपने स्तर से एकत्रित कराकर गौशाला में पहुंचायेंगे।
कम्बाइन हार्वेस्टर का संचालन ठीक ढंग से करने वाले मालिकों को सम्मानित भी किया जायेगा। पराली जलाने वालों की सूचना कन्ट्रोल में दे सूचना देने वाले का नाम व मोबाइल नम्बर गोपनीय रखा जायेगा। किसानों को पराली न जलाने हेतु जागरूक करने का निर्देश दिया। उपकृषि निदेशक को निर्देश दिया कि इसका व्यापक रूप से प्रचार-प्रसार कराये। पराली जलाने वालों पर जुर्माना लगाया जायेगा।
इस बैठक में उपरोक्त के अतिरिक्त उप कृषि निदेशक अरविन्द कुमार विश्वकर्मा, जिला कृषि अधिकारी मो0 मुजम्मिल, जिला कृषि रक्षा अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी पवन कुमार, समस्त खण्ड विकास अधिकारी, कम्बाइन मालिक आदि उपस्थित थे।

