सलमान चिश्ती, रायबरेली ( यूपी ), NIT;
खीरों रायबरेली में सड़क पर बड़े बड़े गड्ढ़े इस मार्ग के निर्माण में हुए भ्रष्टाचार की कहानी बयां कर रहे हैं। इस मार्ग से रोजाना हजारों वाहन गुजरते हैं, जिनमें रोडवेज की बसें, ट्रक व छोटे वाहन शामिल हैं।
उम्मीद थी कि मरम्मत कार्य से सड़के दुरूस्त हो जाएगा, लेकिन निर्माण कार्य इतना घटियास्तर का किया गया कि हल्की बारिश में ही सड़कों पर लगाया गया पैसा बह गया। इस वीआईपी जिले की सड़कों का बुरा हाल है। रायबरेली से गुरूबक्शगंज, खीरों,से मरी तक मार्ग दुरुस्त नहीं है। जनपद के अंदर इस मार्ग की दूरी लगभग 40-45 किलोमीटर है। जिससे इस मार्ग का महत्व का पता चलता है। इसके बावजूद उक्त मार्ग के प्रति जनप्रतिनिधि उदासीन हैं।
जन प्रतिनिधियों और विभागीय अधिकारियों की उदासीनता के कारण राह पर चलने वाले लोग काफी निराश हैं। उनका कहना है कि, जनपद के जन प्रतिनिधियों के कारण यह मार्ग दिन प्रतिदिन बद से बदतर होती जा रही है। विभागीय अधिकारी भी इस मार्ग की अनदेखा कर रहे हैं।
