अबरार अहमद खान/मुकीज खान, भोपाल (मप्र), NIT:

मध्य प्रदेश के सतना ज़िले के मैहर से इंसानियत को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है यहां एक 10 वर्षीय बच्ची से दरिंदों ने हैवानियत की सारी हदें पार कर दी। हैवानों ने दरिंदगी के बाद उसके प्राइवेट पार्ट में लकड़ी डाल दी है। जिस से उसकी हालत नाज़ुक बनी हुई है।
वारदात के सामने आने के बाद राज्य में सियासी पारा चढ़ गया है साथ ही सवाल किए जा रहे हैं कि आखिर राज्य में बच्चियां क्यों सुरक्षित नहीं हैं। एमपी में बच्चियों के साथ सबसे ज्यादा जघन्य अपराध होते हैं। जिन लोगों पर गैंगरेप का आरोप लगा है उनमें मां शारदा मंदिर समिति के 2 कर्मचारी शामिल हैं। हालांकि आरोपियों को गिरफतार कर लिया गया है। आप को बता दूं कि
मैहर के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में उपचार के बाद घायल बच्ची को रीवा मेडिकल कॉलेज अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया है। शहर में लोगों में गुस्सा ऐसा है कि सड़कों पर उतर आए हैं। घटना सतना जिले के मैहर की है जहां जिला मुख्यालय से करीब 55 किलोमीटर दूर एक गांव की पहाड़ी पर जाकर वारदात को अपराधियों ने अंजाम दिया. मामले का खुलासा तब हुआ जब 10 साल की मासूम को उसके घरवालों ने खून से सना देखा। बच्ची को तुरंत अस्पताल लेकर गए।
इस मामले में जिन 4 में से 2 आरोपियों के नाम सामने आ रहे हैं वो मां शारदा समिति के कर्मचारी हैं। इनमें पहला नाम रवि चौधरी और दूसरा अतुल बढोलिया का है. इन पर पॉक्सो एक्ट के तहत केस हुआ है। घटना के बारे में मैहर के SDM सुरेश और SDOP लोकेश डावर ने कहा कि आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। जांच चल रही है और पूछताछ भी की जा रही है। आरोपियों ने जो जानकारी दी है उसके मुताबिक इन्होंने मंदिर के पास खेल रही बच्ची को पकड़ा और पहाड़ पर झाड़ियों के पीछे जाकर इस विभत्स घटना को अंजाम दिया।
इस मामले में मध्य प्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान ने नाराजगी जताई है और ट्वीट कर कहा है कि जो भी लोग दोषी हैं उन्हे किसी भी सूरत में नहीं छोड़ा जाएगा। मेरा मन पीड़ा से भरा हुआ है और संबंधित अधिकारियों से बात करके मैंने कहा है कि अपराधियों को हर हाल में और कठोरतम सजा दिलाई जाए। बिटिया का ठीक से इलाज कराया जाए।
