NEET कांड के विरोध में पुणे के यूनाइटेड मंच का आंदोलन : सड़कें बनती जा रही हैं संघर्ष का मैदान | New India Times

नरेन्द्र कुमार, ब्यूरो चीफ़, जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

NEET कांड के विरोध में पुणे के यूनाइटेड मंच का आंदोलन : सड़कें बनती जा रही हैं संघर्ष का मैदान | New India Times


भारत के 22 लाख युवाओं का भविष्य बर्बाद कर चुकी NTA NEET पेपर लीक की मास्टरमाइंड मोदी सरकार के मुखालफत में महाराष्ट्र के पुणे ने देश को यूनाइटेड मंच दिया है । देश के युवाओं को कॉकरोज कहने वाले और कोलेजियम के सहारे चीफ़ जस्टिस बने सूर्यकांत ने NEET घोटाले की निंदा में मोदी सरकार के लिए एक शब्द नही कहा है। समाजवादी पार्टी पुणे शहर की ओर से आयोजित निषेध आंदोलन का युवक क्रांति दल ने खुला समर्थन किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नकारेपन के सितम को भुगत रहा समाज का श्रमिक वर्ग अब खुलकर सरकार के विरोध में बोलने लगा है ।NEET Paper लीक ने राहुल गांधी के उस बयान को सच साबित कर दिया जिस में वो कहते हैं कि देश की सारी संवैधानिक संस्थाओं को RSS ने अपने कब्जे में ले लिया है ।डॉक्टर प्रोफेसर इंजीनियर के लिए परीक्षा आयोजन कराने वाली NTA सोसायटी एक्ट तहत पंजीकृत संस्था है जो भारत की संसद और CAG के शक्तियों के बाहर है। NTA के चेयरमैन प्रदीप जोशी संघ के करीबी है।जोशी को छत्तीसगढ़-मध्य प्रदेश लोकसेवा आयोग का अध्यक्ष बनाया गया ।उसके बाद जोशी को UPSC का सदस्य नियुक्त किया जाता है। 2024में हुए पेपर लीक मामले की जांच के प्रमुख प्रदीप जोशी थे। वर्तमान कांड मे NEET पेपर सेट करने वाले पैनल ने ही पेपर लीक किया। प्रहलाद विठ्ठलराव कुलकर्णी ,  मनीषा मांढरे समेत दस आरोपी CBI के हिरासत में हैं । 1977में समाजवादियों के समर्थन के कारण मजबूत होते होते आज केंद्र की सत्ता मे बैठी RSS बीजेपी के ख़िलाफ़ गांधीवादी विचारधारा के निकट आ रहे तमाम सेकुलर धड़े 2028 के राष्ट्रपति चुनाव मे नया इतिहास लिखने का प्रयास करेंगे ।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Gift this article