विवेक जैन, ब्यूरो चीफ, बागपत (यूपी), NIT:

जनपद बागपत के बली गांव में समाजसेवी चौधरी फिरे सिंह की माता एवं महान व्यक्तित्व की धनी 85 वर्षीय विद्या देवी की तेहरवीं श्रद्धा और सम्मान के साथ आयोजित की गई। इस अवसर पर दिल्ली-एनसीआर सहित क्षेत्र की कई जानी-मानी हस्तियों ने पहुंचकर उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और शोक संवेदना व्यक्त की।
गौरतलब है कि विद्या देवी का निधन 2 अप्रैल 2026 को हुआ था। तेहरवीं कार्यक्रम में वक्ताओं ने उनके जीवन को समाज सेवा, संस्कार और नारी सशक्तिकरण का प्रेरणास्रोत बताते हुए उनके आदर्शों को अपनाने का आह्वान किया।
बागपत के सांसद डॉ. राजकुमार सांगवान ने कहा कि विद्या देवी ने अपना पूरा जीवन लोगों की भलाई में समर्पित किया और परिवार को शिक्षित एवं संस्कारवान बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
वहीं उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व राज्य मंत्री चौधरी साहब सिंह ने उन्हें महान व्यक्तित्व बताते हुए कहा कि ऐसी पुण्य आत्माएं सदियों में कभी-कभार ही जन्म लेती हैं।
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री केपी मलिक ने कहा कि विद्या देवी जैसी आत्माएं अमर होती हैं और हमेशा हमारे बीच बनी रहती हैं। उन्होंने हिंदू धर्मग्रंथों का उल्लेख करते हुए कहा कि आत्मा न जन्म लेती है और न मरती है, बल्कि केवल शरीर बदलती है।
पूर्व एमएलसी प्रशांत चौधरी ने कहा कि विद्या देवी के संस्कार और विचार उनके बच्चों के माध्यम से समाज को दिशा देते रहेंगे। वहीं जिला पंचायत सदस्य संजय डीलर ने उन्हें समाज को गौरवान्वित करने वाली विलक्षण प्रतिभा की धनी महिला बताया।
इस दौरान उपस्थित लोगों ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। कार्यक्रम में क्षेत्र के अनेक जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
परिवार की ओर से बड़े पुत्र चौधरी फिरे सिंह, छोटे पुत्र चौधरी राजेंद्र सिंह उर्फ राजू सहित परिजनों ने सभी आगंतुकों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में सैकड़ों लोगों की उपस्थिति रही, जिन्होंने विद्या देवी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।

