अबरार अहमद खान/मुकीज़ खान, भोपाल (मप्र), NIT:

77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर आसरा वृद्धजन सेवा आश्रम, गोलघर भोपाल में भावनात्मक और प्रेरणादायक माहौल देखने को मिला, जहाँ गांधी भवन न्यास के तत्वावधान में झंडा वंदन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बे-सहारा बुजुर्गों के साथ मिलकर राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया और गणतंत्र दिवस को सेवा, करुणा व इंसानियत के संदेश के साथ मनाया गया।
कार्यक्रम में ध्वजारोहण गांधी भवन न्यास भोपाल के सचिव दयाराम नामदेव द्वारा किया गया। ध्वजारोहण के पश्चात बुजुर्गों को मिष्ठान एवं स्वल्पाहार वितरित किया गया। इस अवसर पर मध्यप्रदेश सर्वधर्म सद्भावना मंच के सचिव हाजी मोहम्मद इमरान हारून विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
अपने संबोधन में हाजी मोहम्मद इमरान हारून ने कहा कि 26 जनवरी सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि संविधान, बराबरी और इंसानियत की 77 साल पुरानी अमानत की गवाही है। उन्होंने कहा कि आज़ादी केवल जश्न नहीं, बल्कि ज़िम्मेदारी, सेवा और रहनुमाई का रास्ता है, जिस पर चलकर एक मज़बूत समाज और मज़बूत राष्ट्र का निर्माण होता है। उन्होंने यह भी कहा कि यह देश सभी धर्मों और उनके अनुयायियों का है और स्वतंत्रता संग्राम से लेकर लोकतांत्रिक व्यवस्था की स्थापना तक सभी धर्मों के लोगों, विशेषकर बुजुर्गों और युवाओं की अहम भूमिका रही है।
हाजी इमरान ने कहा कि आज का दिन इसलिए और विशेष है क्योंकि हम उन बुजुर्गों के साथ गणतंत्र दिवस मना रहे हैं, जिन्होंने स्वतंत्रता संग्राम का दौर देखा है और जिन्होंने देश को आज़ाद होते हुए महसूस किया है। उन्होंने सभी को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएँ दीं।
कार्यक्रम में दयाराम नामदेव ने भी संबोधित करते हुए कहा कि समाज की असली सेवा वही है, जिसमें अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक खुशियाँ पहुँचें।
इस अवसर पर भगवती नामदेव, ध्रुव भाई, मोहन दीक्षित, मुजाहिद, अनामिका, रमेश अहिरवार, संदीप धुर्वे, शिवानी और मुजाहिद मोहम्मद खान सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रभक्ति, सेवा और सद्भावना के संदेश के साथ हुआ।
