मुबारक अली, ब्यूरो चीफ, शाहजहांपुर (यूपी), NIT:

कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी धर्मेन्द्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में जनपद में नशीले पदार्थों की रोकथाम एवं नियंत्रण को लेकर आबकारी विभाग की एक महत्वपूर्ण समन्वय बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई।
बैठक में नारकोटिक्स, आबकारी विभाग, एन्टी नारकोटिक्स टास्क फोर्स एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि नशा न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को प्रभावित करता है बल्कि समाज में अपराध और असामाजिक गतिविधियों को भी बढ़ावा देता है।
डीएम ने निर्देश दिया कि जनपद में नारकोटिक्स से संबंधित अवैध गतिविधियों की पहचान कर प्रभावी कार्रवाई की जाए।
उन्होंने निर्देश दिए कि नियमित मेडिकल स्टोर पर निरीक्षण कर यह सुनिश्चित किया जाए कि अवैध एवं नशीली दावाओं की बिक्री ना हो।
उन्होंने जिला विद्यालय निरीक्षक से कहा कि स्कूलों, कॉलेजों जांच कराई जाए और युवाओं के बीच जागरूकता लाई जाए जिसमें विद्यार्थियों को नशे के दुष्परिणामों से बचाया जा सके।
उन्होंने कहा कि नशीले पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए अंतरविभागीय समन्वय के साथ त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक में उपस्थित संबंधित अधिकारियों ने जनपद में अब तक की गई कार्रवाई की विस्तृत जानकारी दी तथा आगामी रणनीतियों पर चर्चा की। जिलाधिकारी ने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि नशे के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस नीति’ के तहत कार्य करें तथा आपसी सहयोग से जनपद को नशामुक्त बनाए रखने के लिए ठोस प्रयास करें।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक राजेश द्विवेदी, अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण दीक्षा भंवरे एवं अपर जिलाधिकारी प्रशासन रजनीश कुमार मिश्रा सहित अन्य संबंधित जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
