मो. मुजम्मिल, जुन्नारदेव/छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:

मात्र दो माह पूर्व विवाह बंधन में बंधे युगल अलग होने को तत्पर हो परामर्श केंद्र की शरण में आये जहाँ समझा कर उन्हें सद्भाव पूर्वक जीवन निर्वाह करने के लिए तैयार किया गया। जिसके लिए दोनों ने सहमत हो एक समझौता पत्र पर हस्ताक्षर कर अपनी पारिवारिक जीवन को पुनः स्थापित किया। इसके साथ ही तीन मामलों में समझौते की संभावना प्रतीत न होने से पक्षकारों को न्यायालय की शरण लेने की सलाह के साथ प्रकरण नस्तिबद्ध कर दिये गए।
अनुवीभागीय अधिकारी पुलिस के के अवस्थी के मार्गदर्शन में अधिवक्ता प्रदीप कुमार शर्मा, आहुति शर्मा व प्रीति श्रीवास्तव ने एक प्रकरण में अनावेदक को वीडियो काँफ्रेंसिंग पर बुलाकर उसकी पत्नी के साथ वार्तालाप कराई तथा आपस में बात करने के लिए समय प्रदान किया गया।
