पवन परूथी/गुलशन परूथी, ग्वालियर (मप्र), NIT:

पूरे देश में जारी किसान आंदोलन के क्रम में ग्वालियर में हजारों की संख्या में किसानों ने कमिश्नरी का घेराव किया तथा कानून वापस होने तक संघर्ष जारी करने का संकल्प पारित किया गया।
अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के तहत आयोजित कार्यक्रम के संयोजक अखिलेश यादव ने बताया की संसद में अलोकतांत्रिक ढंग से किसान बिल पारित किए जाने से देश भर के किसानों में आक्रोश व्याप्त है। आज इस आंदोलन के पहले चरण में ग्वालियर में किसान जनता ने फूलबाग से रैली निकालकर मोतीमहल कमिश्नरी पर प्रदर्शन किया। आज के इस प्रदर्शन को पूर्व विधायक बृजेन्द्र तिवारी, डॉ सुनीलम, जिला पंचायत सदस्य पप्पन यादव, गुलाब सिंह किरार, वीरपुर बांध बचाओ संघर्ष समिति के सुग्रीव सिंह कुशवाह, मध्यप्रदेश किसान सभा के रामबाबू जाटव, रामकिशन सिंह कुशवाह आदि ने संचालन किया। सभा का संचालन अखिलेश यादव द्वारा किया गया।

सभा में वक्ताओं ने कहा कि किसान बिल खेती औऱ किसानी को बर्बाद कर देगा, इसमे न्यूनतम समर्थन मूल्य की कोई गारंटी नहीं है, इस बिल से देशी विदेशी कंपनियों को खेती और जमीन पर कब्जा करने का अवसर मिल जाएगा, इसलिए जब तक यह बिल वापिस नहीं लिया जाता तबतक इस बिल का विरोध जारी रहेगा।
इस आंदोलन को समर्थन देने सीटू के प्रदेश अध्यक्ष राम विलास गोस्वामी, महिला नेत्री प्रीति सिंह, छात्र नेता आकांशा धाकड़, ओ बी सी महासभा से विजय कुमार, आदि भी आंदोलन में शामिल हुए थे।
कार्यक्रम संयोजक अखिलेश यादव के मुताबिक आगामी दिनों में बैठक करके आंदोलन की अगली रणनीति की घोषणा की जाएगी।
