रहीम हिंदुस्तानी/नसीम शेख, झाबुआ/भोपाल (मप्र), NIT:

पूरे देश मे इस समय विधायकों की खरीद व फरोख्त की सियासत चल रही है। पहले कर्नाटक में जो नाटक हुआ उसे सारे देश ने देखा और इसके बाद मध्य प्रदेश में कल जो घटनाक्रम हुआ उससे तो भाजपा जैसी पार्टी भी हक्का बक्का रह गई।
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल की विधानसभा में भाजपा के दो विधायकों द्वारा कांग्रेस की कमलनाथ सरकार के पक्ष में वोट करके हलचल मचा दी थी और आज कम्प्यूटर बाबा ने यह दावा करके भारतीय जनता पार्टी के खेमे में सनसनी मचा दी की भाजपा के चार विधायक मेरे संपर्क में हैं, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ जब मुझसे कह देंगे में उन विधायकों को सबके सामने पेश कर दूंगा। कम्प्यूटर बाबा ने आगे कहा कि भाजपा के चार विधायकों को उम्मीद है कि उनको कमलनाथ सरकार में मंत्री बनाया जाएगा।
दूसरी तरफ भारतीय जनता पार्टी से 2 विधायक जाने के बाद भी भाजपा में एकजुटता नज़र नहीं आ रही है। सूत्रों की मानें तो भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव को पद से हटाने की मुहिम चल रही है। शिवराज सिंह चौहान गुट के विधायक और खुद शिवराज नहीं चाहते की गोपाल भार्गव नेता प्रतिपक्ष बने रहें। उनके बयानों से भाजपा को बहुत बड़ा नुकसान हुआ हैं और मध्य प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष राकेश सिंह ने भाजपा हाई कमान के आदेश पर गोपाल भार्गव को ऐसी बयानबाजी से बचने की हिदायत दी है।
