अविनाश द्विवेदी/शेरा मिश्रा,कटनी (मप्र), NIT;
ग्रामीण विकास के कार्यों में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। यदि मैदानी अमले के द्वारा भी कार्य में उदासीनता बरती जाती है, तो कार्यवाही होगी। यह निर्देश गतदिवस शनिवार को बहोरीबंद में आयोजित खण्डस्तरीय समीक्षा बैठक में कलेक्टर केवीएस चौधरी ने दिये। बैठक में उन्होंने प्रथम दृष्ट्या पात्र, खाद्यान्न पर्ची, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, पेयजल समस्याओं, विधायक निधि के कार्यों, मनरेगा के कार्यों, प्रधानमंत्री आवास, और स्वच्छ भारत मिशन के कार्यों की विस्तार से समीक्षा की। साथ ही आवश्यक दिशा-निर्देश भी संबंधितों को दिये। जिनका परफॉर्मेन्स बेहतर था, उन्हें जहां कलेक्टर ने सराहा वहीं कार्य में ढिलाई बरतने वालों पर कार्यवाही भी की। इस दौरान सीईओ जिला पंचायत फ्रेंक नोबल ए भी मौजूद थे।
बैठक में मनरेगा के कार्यों की समीक्षा करते हुये कलेक्टर श्री चौधरी ने कहा कि मनरेगा के कार्य करने का यह उचित समय है। अधिक से अधिक लेबरों को काम में इन्गेज करें। हमारा उद्देश्य यह होना चाहिये कि जून माह तक हम लेबर बजट का 50 प्रतिशत लक्ष्य पूरा कर लें। साथ ही प्रत्येक ग्राम पंचायत में कोई ना कोई जल संरचना का कार्य जरुर करायें।
मनरेगा में प्राथमिकता पर प्रधानमंत्री आवास का मनरेगा वाला हिस्सा पूरा कराने के निर्देश कलेक्टर ने दिये। उन्होंने कहा कि तालाब गहरीकरण, नवीन तालाब निर्माण, खेत तालाब, हितैषी कपिलधारा कूप, पंच परमेश्वर में कंवर्जेन्स से सीसी रोड का निर्माण कराने के आदेश भी बैठक में कलेक्टर ने दिये।
प्रधानमंत्री आवास की समीक्षा भी श्री चौधरी ने विस्तार से की। उन्होंने कहा कि सभी सचिव और जीआरएस यह सुनिश्चित करें कि आवास के जियोटैग एवं रजिस्ट्रेशन में अंतर नहीं हो। जिन ग्राम पंचायतों में पिछला लक्ष्य शत्-प्रतिशत पूरा कर लिया है, उनकी सराहना भी बैठक में कलेक्टर व सीईओ जिला पंचायत ने की। 15 मई तक शेष ग्राम पंचायतों को शत्-प्रतिशत लक्ष्य पूरा करने के निर्देश भी कलेक्टर ने दिये।
कूड़ा में 5 जियोटैग शेष रहने पर सचिव और जीआरएस को नोटिस जारी करने की बात भी कलेक्टर ने कही। वहीं रिव्यू में गुदरी में भी 6 जियोटैग शेष होने की बात सामने आई। जिस पर नोटिस जारी करने और रविवार तक कार्य ना होने की स्थिति में अवैतनिक करने के निर्देश भी श्री चौधरी ने दिये।
बैठक में स्पष्ट करते हुये कलेक्टर ने कहा कि यदि मस्टर जारी नहीं हुये हैं, तो जीआरएस की गलती है। यदि आवास की सीसी जारी ना हो, तो उपयंत्री की गलती मानी जायेगी। दोनों ही स्थितियों में संबंधितों पर कार्यवाही की जायेगी। पूर्ण हो चुके आवास की सीसी जारी करने के निर्देश भी कलेक्टर ने दिये।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत अलर्ट होकर काम करने के की बात भी कलेक्टर ने कही। उन्होंने कहा कि जनपद का मैदानी अमला तत्परता से काम करके शीघ्र ही अपने जनपद को ओडीएफ करे। इसके लिये सभी मुस्तैदी से कार्य करें।
पेयजल के रिव्यू के दौरान बंद पड़े बोर व हैंडपम्प सुधार, मोटर डालने संबंधी अन्य कार्य प्राथमिकता पर कराने के निर्देश श्री चौधरी ने कही। उन्होंने कहा कि पेयजल व्यवस्था दुरुस्त रहे, इसके लिये मुस्तैदी से कार्य करें।
