Edited by Sabir Khan; जयपुर, NIT;
जयपुर नृत्यांशी कला सोसाइटी की ओर से अंतर्राष्ट्रीय दिवस पर आइडियल वुमनिया नेशनल अवॉर्ड- 2018 के दूसरे संस्करण का आयोजन राजधानी जयपुर के जवाहर कला केंद्र में किया गया। अवार्ड समारोह में राजनीति, शिक्षा, स्वास्थ्य ,कला, समाज सेवा के साथ पुलिस और प्रशासनिक उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को प्रतिभागी बनाया गया। सैकड़ों की तादात में महिलाओं ने इस समारोह में बढ़ चढ़कर रजिस्ट्रेशन कराया। ज़ुरी मेम्बर्स द्वारा सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद अलग अलग क्षेत्र से जुड़ी 22 महिलाओ का चयन किया गया। सम्मानित अतिथियों द्वारा इन महिलाओं का सम्मान किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत नारी सम्मान नारी सशक्तिकरण में प्रस्तुत बृजकिशोर श्रीवास्तव द्वारा लिखित गीत “नारी नमन तुझको नमन तुझको इन चरणों को नमन”, अनु सिंह कत्थक, चित्रांशु श्रीवास्तव शुद्ध कत्थक राजस्थान को रिप्रेजेंट करते हुए घूमर, हेमलता का भवाई नृत्य, विनीता का नारी शोषण एसिड अटैक, ड्रामा बेटी बचाओ संरक्षण पर नृत्याशी ,चित्रांशु ने मनभावन प्रस्तुतियां दीं, अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया।
समारोह में मुख्य अतिथि राजस्थान की शराबबंदी जस्टिस फॉर पूनम छाबड़ा व विशिष्ट अतिथि शशि सांखला कत्थक गुरु ने दीप प्रज्वलित कर समारोह का शुभारंभ किया जबकि समारोह की अध्यक्षता मनीषा सिंह ने की जो समारोह के विशिष्ट अतिथि थे।
संस्था की चेयरपर्सन प्रीति श्रीवास्तव ने बताया कि वैश्विक स्तर पर बहुत से बदलाव हुए हैं। आज जिस गति से तकनीकी लॉन्च हो रही है उतनी ही गति से तकनीकी पुरानी भी हो रही है। देश के विकास की गति को बढ़ाने के लिए महिलाओं का सामाजिक आर्थिक और राजनीतिक विकास जरूरी है। उन्होंने कहा कि हालांकि देश बदलने लगा है, कुछ हद तक सोच भी लेकिन अभी और बदलाव की जरूरत है।
संस्था के अध्यक्ष बृजकिशोर श्रीवास्तव ने कहा कि एक महिला के लिए लोगों की सोच बदले इसके लिए महिलाओं को प्रोत्साहन जरूरी है। सोसायटी के आयोजक अरबाज खान , अनीता श्रीवास्तव , दीपेन्द्र लूनिवाल , सोहन लाल डारा विकास बंसीवाल ने आगंतुकों का आभार प्रकट किया।
