संदीप तिवारी, ब्यूरो चीफ, पन्ना (मप्र), NIT:

शासन द्वारा प्रदेश के अधिकांश सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में सेंट्रल पैथोलॉजी लैब के माध्यम से 50 से अधिक प्रकार की आधुनिक जांचें निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही हैं, लेकिन पन्ना जिले के अमानगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के हजारों मरीज इस महत्वपूर्ण सुविधा से अब तक वंचित हैं।
अस्पताल में जांच सुविधा उपलब्ध न होने के कारण मरीजों को निजी पैथोलॉजी लैबों का सहारा लेना पड़ रहा है, जहां उन्हें सैकड़ों से लेकर हजारों रुपये तक खर्च करने पड़ते हैं। इससे विशेष रूप से गरीब और जरूरतमंद परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ रहा है।
जानकारी के अनुसार, इस योजना के तहत ब्लड शुगर, मूत्र, थायराइड, विटामिन और हीमोग्लोबिन सहित 50 से अधिक प्रकार की जांचें निःशुल्क की जानी हैं। इन जांचों के आधार पर चिकित्सकों को समय पर सटीक उपचार देने में सहायता मिलती है, लेकिन अमानगंज में यह व्यवस्था अब तक शुरू नहीं हो सकी है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अमानगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रतिदिन मरीजों की संख्या गुनौर की तुलना में अधिक रहती है, इसके बावजूद यहां सेंट्रल पैथोलॉजी लैब स्थापित नहीं की गई है। ऐसे में यह सवाल उठ रहा है कि अधिक मरीजों वाले केंद्र में सुविधा उपलब्ध कराने में देरी क्यों हो रही है।
क्षेत्रवासियों ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों और जिम्मेदार अधिकारियों पर निष्क्रियता का आरोप लगाते हुए कहा कि इस गंभीर समस्या के समाधान के लिए अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है। उन्होंने शासन और स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि अमानगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में शीघ्र सेंट्रल पैथोलॉजी लैब स्थापित कर सभी निःशुल्क जांच सेवाएं शुरू कराई जाएं, ताकि मरीजों को राहत मिल सके और उन्हें समय पर बेहतर उपचार मिल सके।

