वी.के. त्रिवेदी, ब्यूरो चीफ, लखीमपुर खीरी (यूपी), NIT:
खंड विकास कार्यालय लखीमपुर में शुक्रवार को मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) अभिषेक कुमार के औचक निरीक्षण से हड़कंप मच गया। निरीक्षण के दौरान 29 अधिकारियों व कर्मचारियों की उपस्थिति की जांच की गई, जिसमें 6 कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। इस पर सीडीओ ने संबंधित कर्मचारियों का वेतन एवं मानदेय तत्काल प्रभाव से रोकते हुए स्पष्टीकरण तलब किया। कार्यालय में लापरवाही एवं अभिलेखों की अनियमितता पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई।
निरीक्षण के दौरान प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री आवास योजना के मास्टर रजिस्टर अद्यतन नहीं पाए गए तथा वित्तीय वर्षवार आवंटन की जानकारी भी उपलब्ध नहीं थी, जिस पर सीडीओ ने गहरी नाराजगी व्यक्त की। मनरेगा कार्यों की समीक्षा के दौरान ग्राम पंचायतों में कराए जा रहे कार्यों की जियो-टैग फोटो उपलब्ध न होने पर एपीओ को कड़ी फटकार लगाई गई तथा सभी मनरेगा कार्यों की जियो-टैग फोटो व्यवस्थित रूप से रखने के निर्देश दिए गए।
इसके साथ ही स्थापना एवं लेखा अनुभाग में सर्विस बुक, अवकाश प्रविष्टि, जीपीएफ, बिल भुगतान एवं ग्रांट रजिस्टर की समीक्षा करते हुए सभी अभिलेख समय से अद्यतन रखने के निर्देश दिए गए। समूह सखियों द्वारा लोकोस ऐप पर प्रोफाइल एवं समूह फीडिंग की जानकारी प्राप्त करने के बाद अधिकारियों को कार्य में और अधिक सक्रियता लाने के निर्देश भी दिए गए।
सीडीओ ने एडीओ पंचायत को निर्देशित किया कि सभी पंचायत सहायकों को क्रॉप सर्वे कार्य में सक्रिय रूप से लगाया जाए और शेष कार्य शीघ्र पूर्ण कराया जाए। वहीं बीडीओ को निर्देश दिए गए कि सभी अधिकारी व कर्मचारी समय से कार्यालय में उपस्थित रहें, कार्यालय परिसर की साफ-सफाई सुनिश्चित करें तथा दीवारों में व्याप्त सीलन की समस्या का समाधान कराया जाए।
निरीक्षण के दौरान सीडीओ के साथ पीडी शोभनाथ चौरसिया, बीडीओ ज्ञानेंद्र कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
