मो. मुजम्मिल, जुन्नारदेव/छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:
जुन्नारदेव पुलिस अनुविभाग अंतर्गत थाना दमुआ क्षेत्र में लंबे समय से दहशत फैलाकर अवैध वसूली, धमकी और दबंगई करने वाले कुख्यात बदमाशों पर दमुआ पुलिस ने सख्त कार्रवाई की है। नाबालिग फरियादी और उसके परिजनों पर थाने में रिपोर्ट न करने का दबाव बनाने के मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
थाना प्रभारी खेलन सिंह करिहार के अनुसार आरोपी पिछले कई दिनों से फरियादी को लगातार धमका रहे थे। रास्ते में रोककर डराना-धमकाना और अवैध कार्यों में शामिल होने का दबाव बनाना उनकी आदत में शामिल था। आरोपी लोगों को धमकाकर शिकायत दर्ज नहीं करने देते थे, जिससे स्थानीय स्तर पर कार्रवाई नहीं हो पाती थी। वे फरियादी को चेतावनी देते थे कि यदि उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई तो गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
गुरुवार रात्रि एक नाबालिग फरियादी अपने परिजनों के साथ थाना दमुआ पहुंची और लिखित शिकायत दर्ज कराई। जैसे ही फरियादी थाने पहुंची, आरोपी विक्की और उसके दो साथियों ने फरियादियों को धमकाना शुरू कर दिया। मौके पर मौजूद पुलिस स्टाफ ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपियों को हिरासत में ले लिया।
आपराधिक रिकॉर्ड की जांच में सामने आया कि आरोपियों के खिलाफ पूर्व में भी अवैध गतिविधियों, मारपीट और गाली-गलौज के कई मामले दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपी विकास आर्मवशी, ऋषभ सूर्यवंशी और शंशाक सूर्यवंशी (मर्रे) के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर विधिसंगत कार्रवाई की।
थाना प्रभारी ने स्पष्ट कहा कि नगर में आतंक और भय फैलाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। अवैध वसूली, धमकी देना और फरियादी पर रिपोर्ट दबाने का प्रयास गंभीर अपराध है, इसलिए आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई है।
पुलिस की इस कार्रवाई का नगरवासियों ने स्वागत किया है। नागरिकों का कहना है कि आरोपी लंबे समय से क्षेत्र में डर का माहौल बनाकर अवैध गतिविधियों को अंजाम दे रहे थे। पुलिस की तत्परता से अब लोगों ने राहत की सांस ली है।
पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति धमकी, उगाही या दबाव डालने की कोशिश करता है तो तुरंत थाने में सूचना दें। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि अपराधियों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
