फराज अंसारी, बहराइच (यूपी), NIT; 
जिला अस्पताल के औषधि वितरण केंद्र के सामने कई दिनों से ठंडी फर्श पर पड़ा मौत की घड़िया गिन रहा है लावारिस किशोर
उत्तर प्रदेश में जहां भीषण ठंड मौसम से लोगों का जीवन अस्त व्यस्त है वही इस सर्द मौसम में अस्पताल कर्मियों की संवेदना भी शायद सर्दी के आगोश में चली गयी है।
जिला अस्पताल में इस लावारिस किशोरी की तस्वीर को जरा गौर से देखिए कड़ाके के ठंड मौसम में यह लावारिस किशोरी नंगे फर्श पर पड़ी मौत की घड़ियां गिन रही है लेकिन न अस्पताल प्रशाशन चेत रहा है और न जिला प्रशाशन के संवदेनशील अधिकारी। किशोरी की हालत ठंड से इतनी बिगड़ चुकी है कि उसके मुंह से बोल भी नही निकल रही है। ओढ़ने को चिथड़ा कपड़ा लिए किशोर ठंड से जिंदगी और मौत की लड़ाई लड़ रहा है लेकिन न अस्पताल के स्वास्थ्य कर्मियों ने उसे शायद दवा इलाज देने की आवश्यकता नही समझी है। अपनी उदारता और फर्ज का ढिंढोरा पीटने वाले प्रशाशनिक अफसर भी कुम्भकर्णीय नींद में सोते नजर आ रहे हैं, ऐसे में अगर इस किशोरी की मौत अस्पताल में होती है तो इसका ज़िम्मेदार कौन होगा???
