रहीम शेरानी हिन्दुस्तानी, ब्यूरो चीफ, झाबुआ (मप्र), NIT:

जिला स्वास्थ्य समिति बुरहानपुर द्वारा सर्व सेवा संकल्प समिति बुरहानपुर के सहयोग से तंबाकू निषेध दिवस मनाया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्री साईं नशा मुक्ति केंद्र के संचालक डॉ मनोज अग्रवाल ने तंबाकू कंपनियों द्वारा अपनाई जा रही भ्रामक रणनीतियों पर बोलते हुए कहा कि तंबाकू बेचने वाली कंपनियां विज्ञापन और मार्केटिंग के माध्यम से बच्चों, युवाओं और महिलाओं को लक्ष्य बनाकर उन्हें अपने जाल में फंसाती हैं।

ये कंपनियां जानबूझकर धूम्रपान निषेध कानूनों की आड़ में, ऐसे उत्पाद पेश करती हैं जो दिखने में हानिरहित लगते हैं, परंतु अंदर से शरीर और समाज दोनों को खोखला कर देते हैं। कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में उपसंचालक सामाजिक न्याय श्री दुर्गेश दुबे ने कहा कि युवा वर्ग अक्सर नशीले पदार्थों को आधुनिकता और स्टेटस सिंबल समझकर अपनाता है और बाद में यही उनके पतन का कारण बनता है।

ओपीडियोलॉजिस्ट राजपूत ने बताया कि नशे की हालत में व्यक्ति हिंसक हो जाता है, जिससे घर में झगड़े और उत्पीड़न, घरेलू हिंसा जैसी घटनाएँ बढ़ जाती हैं। कार्यक्रम में आशा कार्यकर्ताएं, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, एएनएम एवं सामाजिक क्षेत्र में कार्य कर रही महिलाएं एवं समाज से भी उपस्थित थे कार्यक्रम के अंतर्गत सभी को नशा न करने की शपथ दिलाई गई एवं प्रेरक के रूप में भूमिका निभाने हेतु हस्ताक्षर अभियान चलाया गया।

