संदीप तिवारी, ब्यूरो चीफ, पन्ना (मप्र), NIT:

नगर परिषद अमानगंज में लोकायुक्त टीम ने कार्यवाही करते हुए नगर परिषद अध्यक्ष को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया जिससे समूचे नगर में सनसनी फ़ैल गई है।
मिली जानकारी के अनुसार कल दोपहर लगभग 1:00 बजे सागर लोकायुक्त की टीम ने नगर परिषद में छापामार कार्यवाही की जिसमें समूचे नगर परिषद में हड़कंप की स्थिति बनी रही। प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर परिषद अमानगंज अध्यक्ष श्रीमती सारिका खटीक पति श्री शारदा खटीक अध्यक्ष नगर परिषद अमानगंज को ₹30000 की रिश्वत लेते लोकायुक्त सागर द्वारा रंगे हाथों धर दबोचा। हम आपको बता दें मीडिया के समक्ष आवेदक राघवेंद्र राज मोदी निवासी अमानगंज ने बताया कि लाइट वाली लिफ्टर मशीन के चार माह के बिल निकलवाने के एवज में ₹30000 की रिश्वत नगर परिषद अध्यक्ष अमानगंज द्वारा मांगी गई थी जिसकी शिकायत मेरे द्वारा लोकायुक्त सागर में की गई थी जिसके चलते लोकायुक्त द्वारा उक्त कार्यवाही की गई।
राघवेंद्र राज मोदी ने बताया की 33000 माह के हिसाब से लिफ्टर मशीन नगर परिषद अमानगंज में लगाई गई थी जिसके बिल भुगतान के एवज में प्रतिमाह मुझसे ₹5000 मांगे जाते थे जो मैं देता रहा। धीरे-धीरे अध्यक्ष महोदया की लालच बढ़ती गई और वर्तमान में मेरे बिल भुगतान नहीं हो पा रहे थे इसी के चलते अध्यक्ष महोदया द्वारा 4 माह के बिल भुगतान के एवज़ में ₹40’000 की मांग की गई इसमें से ₹10’000 इनको मेरे द्वारा पहले दिए जा चुके हैं बाकी के ₹30’000 आज लोकायुक्त टीम के माध्यम से मेरे द्वारा नगर परिषद अध्यक्ष अमानगंज को दिए गए। काफी समय से नगर परिषद अध्यक्ष द्वारा मुझे प्रताड़ित किया जा रहा था। गवाही के तौर पर लोकायुक्त की टीम द्वारा एक रिकॉर्डर उपकरण मुझे दिया गया था जिसमें संपूर्ण गतिविधियां रिकॉर्ड हैं। मेरे द्वारा 5-5 सौ के 60 नोट अध्यक्ष महोदया को दिए गए थे जिन्हें आज लोकायुक्त टीम द्वारा रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़ा गया। उक्त कार्यवाही में लोकायुक्त की टीम ने ट्रैक करते हुए निरीक्षक रोशनी जैन एवं पुलिस अधीक्षक मंजू पटेल निरीक्षक रंजीत तथा लोकायुक्त की टीम द्वारा मौके पर भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत कार्यवाही की गई। इस संबंध में नगर परिषद अध्यक्ष अमानगंज श्रीमती सारिका खटीक से मीडिया ने पूछा तो उन्होंने कहा कि मुझे षड्यंत्र के तहत फंसाया गया है।

