आदर्श आचरण संहिता घोषित होने के अंतिम क्षणों तक विकास के लिए "सीरियस" बनती दिखी भाजपा, जामनेर नगर परिषद को मिला 64 करोड़ फंड, साधना महाजन के हाथों कलश पूजन | New India Times

नरेन्द्र कुमार, ब्यूरो चीफ़, जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

आदर्श आचरण संहिता घोषित होने के अंतिम क्षणों तक विकास के लिए "सीरियस" बनती दिखी भाजपा, जामनेर नगर परिषद को मिला 64 करोड़ फंड, साधना महाजन के हाथों कलश पूजन | New India Times

जनता राहुल गांधी को सीरियस नहीं लेती उन्होंने जहां जहां यात्राएं निकाली उन राज्यों में भाजपा की सरकारें बनी है भाजपा नेता और रावेर लोकसभा सीट पर शुरू से लोगों की पहली पसंद रहे गिरिश महाजन का मिडिया में दिया यह बयान कांग्रेस का बचाकुचा जनाधार तारतार कर देगा। गिरिश महाजन और उनकी पार्टी भाजपा आदर्श आचरण संहिता लागू होने के अंतिम पलों तक अपने गृह नगर जामनेर में विकास के लिए अपार सीरियस नज़र आए। शिंदे-फडनवीस सरकार में बतौर ग्राम विकास मंत्री महाजन ने जामनेर के विकास के लिए 64 करोड़ का फंड मंजूर करवाया है। इसी फंड से किए जाने वाले कार्यों का कलश पूजन और नारियल तोडू समारोह संपन्न हुआ।

आदर्श आचरण संहिता घोषित होने के अंतिम क्षणों तक विकास के लिए "सीरियस" बनती दिखी भाजपा, जामनेर नगर परिषद को मिला 64 करोड़ फंड, साधना महाजन के हाथों कलश पूजन | New India Times
विज्ञापन

ख़बर में प्रकाशित विज्ञापन से आप महानुभावों को इस कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी मिलेगी। वैसे दस साल से विकास और विकसित राष्ट्र की जो बात हो रही है उसका महान उदाहरण देखना है तो नेता जी के गृह नगर जामनेर की प्रगति को आप दरकिनार नहीं कर सकते। धार्मिक स्तर पर दो हिस्सों में बंटे जामनेर का एक हिस्सा एकमात्र फोरलेन सड़क, चमचमाते हाय मास्ट लैंप डिवाइडर से सुसज्ज है। दूसरे हिस्से में गांधी चौक से लेकर जूना बोदवड़ रोड मुंबादेवी मंदिर सीधा अंजुमन स्कूल NH753L तक की सड़क में फोरलेन जैसा कुछ भी दिखाई नहीं देता। न लैंप है न रोशनी न साफसफाई यहां की आबादी और राजनेता का विकास से कोई वाहिद (अनुबंध) है भी या नहीं पता नहीं। शहर की आधी आबादी इसी इलाके में रहती है जो धार्मिक रुप से अल्पसंख्यक है। गली मोहल्लों में सीमेंट कांक्रीट की सड़के बनी है लेकिन शाइनिंग रहित। आम आदमी आशा कर रहा है कि शहर का संतुलित विकास किया जाए।

By nit

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

This website uses cookies. By continuing to use this site, you accept our use of cookies. 

Discover more from New India Times

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading