फैज़ान खान, गुरुग्राम/नई दिल्ली, NIT:

संविधान निर्माता, भारत रत्न परम पूज्य डॉ. भीमराव अम्बेडकर की 135वीं जयंती शक्ति पार्क में धूमधाम से मनाई गई। अपने हरियाणा और राजस्थान दौरे के दौरान भीमसेना एवं संविधान सुरक्षा पार्टी (एसएसपी) के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष सतपाल तंवर अपनी पत्नी निशा तंवर, एडवोकेट के साथ कार्यक्रम संयोजक जननायक अम्बेडकर सभा, गुरुग्राम के निमंत्रण पर कार्यक्रम में पहुंचे।

यहां पहुंचने पर सभा में मौजूद कार्यक्रम संयोजक डॉ. रोहतास कटारिया, आरडब्ल्यूए अध्यक्ष शक्ति पार्क साहब सिंह सोलंकी, कर्ण सिंह, सूरत सिंह, डॉ. कुशवाहा, दयानंद कन्नौजिया, दयाराम कटारिया, अतिथि पार्षद महाबीर यादव, अतिथि पार्षद सतीश कुमार, भूपेंद्र चौहान और सोमपाल ने कार्यक्रम में पहुंचने पर भीमसेना प्रमुख का फूल-मालाओं से स्वागत और अभिनंदन किया।

अपने भाषण में एसएसपी सुप्रीमो सतपाल तंवर ने कहा कि बेशक एक रोटी कम खाओ, लेकिन अपने बच्चों को जरूर पढ़ाओ। तंवर ने कहा कि बाबा साहब डॉ. भीमराव अम्बेडकर सिर्फ दलितों के मसीहा नहीं थे, बल्कि वे हर भारतीय के मसीहा हैं।

तंवर ने कहा कि उन्होंने सिर्फ संविधान ही नहीं लिखा, बल्कि संविधान के माध्यम से देश में लोकतंत्र की मजबूत नींव रखी। मजदूरों को गर्भवती महिलाओं के लिए अवकाश का अधिकार भी बाबा साहब ने दिलाया। मजदूरों के हड़ताल करने का अधिकार, 8 घंटे की ड्यूटी की समय सीमा का अधिकार तथा समान वेतन का अधिकार भी बाबा साहब के प्रयासों से मिला। भारतीय रिजर्व बैंक की स्थापना की अवधारणा में भी डॉ. अम्बेडकर का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
तंवर ने अपने वक्तव्य में बच्चों को शिक्षित बनाने पर जोर देते हुए कहा कि अपने बच्चों को आईएएस, आईपीएस, डॉक्टर, इंजीनियर, वकील और जज बनाएं तथा उन्हें नशे से दूर रखें।
पुख्ता सुरक्षा बंदोबस्त के साथ पहुंचे सतपाल तंवर
अपने भाषण के तुरंत बाद सतपाल तंवर अगले कार्यक्रम के लिए रवाना हो गए। इस दौरान वे पुख्ता सुरक्षा बंदोबस्त के साथ कार्यक्रम में पहुंचे। उनकी सरकारी सुरक्षा में हरियाणा पुलिस के जवान तथा निजी सुरक्षा में महिला बॉडीगार्ड भी तैनात रहीं।
निशा तंवर एडवोकेट की बढ़ती सक्रियता, राजनीति में एंट्री की अटकलें
निशा तंवर एडवोकेट पिछले कुछ दिनों से उनके साथ लगातार सक्रिय नजर आ रही हैं। समाजसेवा से राजनीति के सफर के दौरान निशा तंवर मुख्य रूप से अदालती मामलों में सक्रिय रही हैं। लेकिन हाल के समय में वे भीमसेना प्रमुख एवं एसएसपी सुप्रीमो सतपाल तंवर के साथ अधिक सक्रिय दिखाई दे रही हैं।
समर्थक और विरोधी कयास लगा रहे हैं कि निशा तंवर बहुत जल्द राजनीति में भी उतर सकती हैं। हालांकि यह केवल अटकलें हैं, क्योंकि राजनीति संभावनाओं का खुला क्षेत्र है, जहां कुछ भी संभव हो सकता है।

